विधायक अमर ने रथयात्रा के पावन अवसर पर मूक बधिर एवं मंदबुद्धि दिव्यांग स्कूल का किया शुभारंभ

बिलासपुर। विधायक अमर अग्रवाल ने आज शहर के जगमल चौक में मूक बधिर एवं मंदबुद्धि दिव्यांग स्कूल का शुभारंभ किया। लगभग डेढ़ सौ बच्चे इस विशेष स्कूल में कक्षा पहली से आठवीं तक पढ़ाई कर रहे हैं। मुख्य अतिथि ने सभी बच्चों को संस्था की ओर से स्कूल बैग वितरित किये। समाजसेवी संस्था सुवाणी शिक्षण समिति द्वारा इस विशेष स्कूल का संचालन एवं बच्चों को निःशुल्क शिक्षा प्रदान की जायेगी। कलेक्टर संजय अग्रवाल एवं संयुक्त संचालक समाज कल्याण विभाग श्रद्धा मैथ्यू भी इस मौके पर उपस्थित थी।

मुख्य अतिथि अमर अग्रवाल ने रथयात्रा के पावन अवसर पर स्कूल का शुभारंभ करने के लिए प्रबंधन को बधाई एवं शुभकामनाएं दी। उन्होंने कहा कि मूक बधिर एवं मानसिक रूप से दिव्यांग बच्चे अक्सर विशेष जरूरतों एवं चुनौतियों का सामना करते हैं। उन्हें शिक्षा और विकास का अवसर प्रदान करने के लिए विशेष ध्यान और समर्थन की जरूरत होती हैै, जो कि इस विशेष स्कूल की स्थापना से संभव हो पायेगा। उन्होंने उम्मीद जताई की यह स्कूल इन विशेष योग्यता वाले बच्चों को उनकी पूरी क्षमता तक पहुंचने में मदद करेगा ताकि बच्चे जीवन में सफलता प्राप्त कर सकें। इस अवसर पर स्कूली बच्चों ने अतिथियों का स्वागत किया और उनके सम्मान में मनमोहक सांस्कृतिक कार्यक्रमों की प्रस्तुति दी। इस मौके पर समाजसेवी एसपी चतुर्वेदी, श्यामसुन्दर तिवारी, प्रशांत बुधिया, पवन अग्रवाल, सुरेन्द्र वर्मा, सरिता सिंह राधा फाउण्डेशन, स्कूल के प्राचार्य आरजे सिंह, पार्षद मोती गंगवानी सहित बड़ी संख्या में बच्चे, उनके पालक, स्कूल के शिक्षक एवं कर्मचारी तथा गणमान्य नागरिक उपस्थित थे

छह वर्षों से एक भी निर्वाचन में भाग लेने में असफल रहने वाले राजनीतिक दलों को RUPPs की सूची से बाहर करने की प्रक्रिया शुरू

बिलासपुर। मुख्य निर्वाचन आयुक्त श्री ज्ञानेश कुमार की अध्यक्षता में तथा निर्वाचन आयुक्तगण डॉ. सुखबीर सिंह संधू और डॉ. विवेक जोशी की उपस्थिति में भारत निर्वाचन आयोग (ECI) ने 345 पंजीकृत अप्रमाणित राजनीतिक दलों (RUPPs) को डीलिस्ट (सूची से हटाने) करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। ये वे दल हैं जो वर्ष 2019 से पिछले छह वर्षों में एक भी निर्वाचन में भाग लेने में असफल रहे हैं और जिनके कार्यालय भौतिक रूप से कहीं भी स्थित नहीं पाए गए।

इन 345 पंजीकृत अप्रमाणित राजनीतिक दलों (RUPPs) का संबंध देशभर के विभिन्न राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों से है। आयोग के संज्ञान में आया है कि वर्तमान में पंजीकृत 2800 से अधिक पंजीकृत अप्रमाणित राजनीतिक दलों (RUPPs) में से कई दल आवश्यक शर्तों को पूरा नहीं कर रहे हैं, जो RUPP बने रहने के लिए जरूरी हैं।

इसलिए, भारत निर्वाचन आयोग द्वारा एक राष्ट्रव्यापी अभ्यास किया गया जिसमें अब तक 345 ऐसे दलों की पहचान की गई है। यह सुनिश्चित करने के लिए कि किसी भी दल को अनुचित रूप से डीलिस्ट न किया जाए, संबंधित राज्यों/केंद्रशासित प्रदेशों के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारियों (CEOs) को निर्देश दिया गया है कि वे ऐसे दलों को कारण बताओ नोटिस जारी करें। इसके बाद, इन दलों को संबंधित सीईओ द्वारा सुनवाई का अवसर दिया जाएगा। किसी भी RUPP को डीलिस्ट करने का अंतिम निर्णय भारत निर्वाचन आयोग द्वारा लिया जाएगा।

भारत में राजनीतिक दलों (राष्ट्रीय/राज्य/पंजीकृत अप्रमाणित) का पंजीकरण लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1951 की धारा 29A के अंतर्गत किया जाता है। इस प्रावधान के तहत, कोई भी संघ एक बार राजनीतिक दल के रूप में पंजीकृत होने पर कर छूट जैसी कुछ विशेष सुविधाएं प्राप्त करता है।

यह अभ्यास राजनीतिक प्रणाली की सफाई और ऐसे दलों की डीलिस्टिंग के उद्देश्य से किया गया है जो 2019 के बाद से लोकसभा, राज्य विधानसभाओं या उप निर्वाचनों में भाग नहीं ले सके हैं और जिन्हें भौतिक रूप से खोजा नहीं जा सका है। इस प्रक्रिया के पहले चरण में 345 RUPPs की पहचान की गई है और यह अभियान राजनीतिक प्रणाली को स्वच्छ करने के उद्देश्य से आगे भी जारी रहेगा।

धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान : बिनौरी और खोंगसरा में शिविर का आयोजन

बिलासपुर। धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान के तहत जनजातीय बहुल क्षेत्रों में शासन की कल्याणकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाने के उद्देश्य से 15 जून से 30 जून तक विशेष शिविर का आयोजन जिले के सभी विकासखंडों के 102 गांवों में किया जा रहा है। इसी क्रम में तखतपुर के ग्राम पंचायत बिनौरी और विकासखंड कोटा के ग्राम पंचायत खोंगसरा में शिविर का आयोजन किया गया जिसमें ग्रामीणों ने उत्साह से भागा लिया। शिविर में स्थानीय जनप्रतिनिधियों की सक्रिय भागीदारी रही।

जनजातीय बहुल गांवों में शिविरों के माध्यम से ग्रामीणों और हितग्राहियों को शासन की विभिन्न योजनाओं की जानकारी दी जा रही है और मौके पर ही कई सेवाएं प्रदान की गई। ग्राम पंचायत बिनौरी में शिविर का शुभारंभ सरपंच  कविता मरावी की अध्यक्षता में हुआ। शिविर में उपसरपंच, पंचगण, पंचायत प्रतिनिधि और ग्रामवासी बड़ी संख्या में उपस्थित थे। शिविर में आकांक्षा पटेल, सहायक आयुक्त, आदिवासी विकास विभाग, प्रभारी अधिकारी  जसवंत सिंह जांगड़े (अतिरिक्त मुख्य कार्यपालन अधिकारी), और सहायक अधिकारी डी.के. भारद्वाज सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे। शिविर में 24 आयुष्मान कार्ड, 02 महतारी वंदन योजना लाभ, 02 आधार कार्ड बनाए गए, 37 लोगों का सिकलिंग, बी.पी. और शुगर जांच सहित स्वास्थ्य परीक्षण किया गया।

कोटा के ग्राम पंचायत खोंगसरा में आयोजित शिविर में आसपास के ग्राम तुलुफ, टाटीधार, मोहली और सोनसाय के ग्रामीण शामिल हुए। शिविर की अध्यक्षता उपसरपंच श्रीमती कलेसिया खुसरो ने की। शिविर में प्रभारी अधिकारी श्री राजेश वर्मा, सहायक अधिकारी श्री शुभम तिवारी मत्स्य अधिकारी,एवं विभिन्न विभागों के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे। शिविर में ग्रामीणों की समस्याएं सुनी गईं और योजनाओं की जानकारी प्रदान की गई। खोंगसरा शिविर में 25 आयुष्मान कार्ड जारी, 02 आधार कार्ड बनाए गए, 23 आधार कार्ड अपडेट,68 लोगों का बी.पी., शुगर व सिकलिंग जांच सहित स्वास्थ्य परीक्षण 100 आवेदन जाति, निवास व जॉब कार्ड हेतु प्राप्त हुए। इन शिविरों में ग्रामीणों ने सक्रिय भागीदारी निभाई और शासन की कल्याणकारी योजनाओं का लाभ उठाया। इस अवसर पर जनपद पंचायत अध्यक्ष, उपाध्यक्ष,सरपंच, विभागीय अधिकारी-कर्मचारी और बड़ी संख्या में ग्रामीणजन उपस्थित रहे।

नगर पालिका का नया कार्यालय भवन निर्माण के लिए 8.17 करोड़ की राशि स्वीकृत

मुंगेली । राज्य शासन के नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग ने मुंगेली नगर पालिका के नए कार्यालय भवन के निर्माण के लिए आठ करोड़ 17 लाख 31 हजार रुपए मंजूर किए हैं। उप मुख्यमंत्री तथा विभागीय मंत्री अरुण साव के अनुमोदन के बाद नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग संचालनालय द्वारा अधोसंरचना मद से राशि स्वीकृति का आदेश जारी कर दिया गया है। उप मुख्यमंत्री साव ने पूर्ण गुणवत्ता के साथ निर्धारित अवधि में कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए हैं।

CM के निर्देश पर अग्निशमन विभाग में 295 पदों पर भर्ती के लिए शुरू हुई प्रक्रिया

बिलासपुर। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के निर्देश पर नगर सेना एवं अग्निशमन विभाग में रिक्त 295 विभिन्न पदों पर भर्ती की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। आवेदन ऑनलाईन लिए जाएंगे। महानिदेशक नगर सेना एवं अग्निशमन विभाग ने बताया कि आवेदन लेने का काम 1 जुलाई 2025 से शुरू होगा जो कि अंतिम तिथि 31 जुलाई तक चलेगा। इसके बाद 10 अगस्त तक दाखिल किये गये आवेदन में त्रुटि सुधार किये जा सकते हैं। इच्छुक व्यक्ति विभाग की वेबसाईट-सीजीएचईड डॉट जीओव्ही डॉट इन के जरिए आवेदन कर सकते हैं। उन्होंने बताया कि रिक्त पदों में स्टेशन ऑफिसर के 21 पद, वाहन चालक के 14 पद, वाहन चालक कम ऑपरेटर के 86 पद, फायरमेन के 117 पद, स्टोर कीपर के 32 पद, मैकेनिक के 2 पद, वाचरूम ऑपरेटर के 19 पद और वायरलेस ऑपरेटर संविदा के 4 पद शामिल हैं। विस्तृत जानकारी एवं अन्य संशोधन सूचना के लिए विभागीय वेबसाईट का अवलोकन करते रहने की सलाह दी है।

भैंसाझार बैराज में लगातार दो-तीन दिनों से बारिश होने के कारण, कभी भी छोड़ा जा सकता है पानी

बिलासपुर । अरपा भैंसाझार बैराज परियोजना के गेट आज मध्य रात्रि के बाद कभी भी खोले जा सकते हैं। जल संसाधन विभाग ने परियोजना के नीचे अरपा नदी के इर्द-गिर्द रहने वाले सभी लोगों को अलर्ट रहने के निर्देश दिए हैं। गौरतलब है कि अरपा भैंसाझार बैराज परियोजना के जल ग्रहण क्षेत्र में गत दो-तीन दिनों से लगातार वर्षा हो रही है, जिसके फलस्वरूप बैराज के जल भराव में लगातार वृद्धि हो रही है। वर्तमान में बैराज में 60 प्रतिशत से अधिक जल भराव हो चुका है। बैराज की सुरक्षा हेतु मध्य रात्रि के बाद कभी भी अरपा नदी में पानी छोड़ा जा सकता है। अतः सर्व साधारण एवं कार्य एजेंसियों को सूचित किया जाता है कि बैराज के डॉऊन स्ट्रीम में नदी किनारे बाढ़ क्षेत्र में स्थापित चल-अचल संपत्ति सुरक्षित स्थानों पर ले जावें। बाढ़ क्षेत्र में स्थापित खनिज खदान ठेकेदार, औद्योगिक ईकाईयों, संस्थानों, निवासरत आम जनता, ग्रामवासी, नदी में कार्यरत निर्माण ऐजेन्सी, रेत ठेकेदार, ट्रक, ट्रैक्टर वाहन मालिक आदि सभी को सूचित किया जाता है कि नदी के जल प्रवाह को दृष्टिगत रखते हुए अपनी परिसम्पत्तियों, सामग्री, वाहन मशीनरी आदि को बाढ़ क्षेत्र से बाहर सुरक्षित कर लें, ताकि कोई क्षति न हो। अकस्मात बाढ़ से होने वाली किसी भी प्रकार की क्षति के लिए जल संसाधन विभाग जिम्मेदार नहीं होगा।

कलेक्टर-एसएसपी ने ली जिला पशु क्रूरता निवारण समिति की बैठक, महत्वपूर्ण निर्णय लिये गये

बिलासपुर। कलेक्टर संजय अग्रवाल एवं एसएसपी रजनेश सिंह की मौजूदगी में जिला कार्यालय के मंथन सभाकक्ष में जिला पशु क्रूरता निवारण समिति की बैठक में महत्वपूर्ण निर्णय लिये गये। साथ ही संयुक्त संचालक पशु चिकित्सा सेवायें बिलासपुर द्वारा जिला स्तरीय पशु क्रूरता निवारण समिति के सदस्यों की तथा पशु क्रूरता निवारण अधिनियम के अंतर्गत निहित प्रावधानों एवं कार्यवाहियों की जानकारी दी गयी। कलेक्टर अग्रवाल द्वारा अधिकारियों एवं गौशाला अध्यक्षों से घुमन्तू पशुओं के नियंत्रण हेतु सुझाव मांगा गया। बैठक में उपस्थित गौशालाओं के अध्यक्षों ने भी ग्रामीणों की सहभागिता से चरवाहों की व्यवस्था हेतु शत प्रतिशत प्रयास किये जाने की सहमति दी गयी। गौशालाओं के अध्यक्षों ने गांव गोद लेकर आवारा पशुओं के प्रबंधन पर सहमति भी जताई। इस अवसर पर सहायक कलेक्टर अरविंथ कुमारन डी भी मौजूद रहे। बैठक में सर्वप्रथम वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक  रजनेश सिंह द्वारा जिले में पशु तस्करी के दौरान पशु क्रूरता निवारण अधिनियम अंतर्गत किये गये कार्यवाही एवं वाहनों को राजसात किये जाने की जानकारी दी गयी। साथ ही सड़कों पर आवारा पशुओं के कारण होने वाली दुर्घटनाओं को रोकने के लिये ब्लेक स्पॉट चिन्हांकित करते हुये अस्थायी पशु शेड का निर्माण कर स्थानीय वालेंटियर्स की सहायता से पशुओं को रखे जाने का सुझाव दिया गया। अध्यक्ष मां भुनेश्वरी गौशाला गतौरा के द्वारा ग्राम के पशुओं के लिये मानदेय पर चरवाहे की व्यवस्था किये जाने की बात कही गई। कलेक्टर अग्रवाल ने कहा कि प्राचीन परंपरा की भांति गांव के पशुओं को चराने एवं देखरेख के लिये ग्रामीणों की सहभागिता, आर्थिक सहयोग अथवा अन्य स्थानीय व्यवस्था के माध्यम से चरवाहों की व्यवस्था की जा सकती है। ग्रामीण आपसी सामन्जस्य से यह सुनिश्चित करे कि आवारा पशुओं के कारण किसी प्रकार की कोई दुर्घटना न घटे। साथ ही गौशाला अध्यक्षों को जिम्मेदारी दी गयी कि अपने ग्रामों में इस प्रकार की व्यवस्था लागू कराने हेतु एक गांव गोद लेकर प्रयास करे। जिसमें अध्यक्ष जयगुरूदेव गौशाला भाड़ी द्वारा लखराम व भाड़ी में, अध्यक्ष कामधेनू गौशाला द्वारा लाखासार में, मां भुनेश्वरी गौशाला द्वारा गतौरा में एवं अध्यक्ष  वासुदेव गौशाला द्वारा ओखर, पचपेड़ी व मल्हार में ग्रामीणों की सहभागिता से चरवाहों की व्यवस्था हेतु शत प्रतिशत प्रयास किये जाने की सहमति दी गयी। जिला शिक्षा अधिकारी द्वारा कई ग्रामों में आवारा पशुओं के कारण रबी फसल नहीं ले पाने की समस्या की ओर ध्यान आकृष्ट किया गया। जिस पर कलेक्टर द्वारा ग्राम के अन्य विभागों के स्थानीय कर्मचारियों की सहायता से पशुओं को व्यवस्थित रखने हेतु पशुपालकों को प्रेरित किये जाने निर्देशित किया गया। बैठक में संयुक्त संचालक पशु चिकित्सा सेवायें डॉ. जी.एस.एस. तंवर, जिला शिक्षा अधिकारी अनिल तिवारी, अपर आयुक्त नगर निगम खजांची कुमार, जिले के पंजीकृत गौशालाओं से मंगतराय अग्रवाल,  प्रमोद शर्मा, रमाकांत पाण्डेय, संतोष कुमार, हेमंत कुमार, रघुनाथ वर्मा तथा इनके अतिरिक्त डॉ. टी.डी.सरजाल, डॉ. वीरेन्द्र पिल्ले, डॉ. ए.एस. रघुवंशी, डॉ. वाय. के. डहरिया, डॉ. राम ओत्तलवार, डॉ. हेमंत नेताम, डॉ. बी.पी.साहू, डॉ. प्रेमलता पटेल एवं उमेश कश्यप उपस्थित रहे।

उपमुख्यमंत्री एवं गृहमंत्री विजय शर्मा के निर्देश पर पुलिस विभाग द्वारा टोल फ्री हेल्पलाइन नम्बर जारी किया

बिलासपुर । छत्तीसगढ़ सरकार ने प्रदेश की आंतरिक सुरक्षा को और अधिक सुदृढ़ बनाने तथा अवैध रूप से रह रहे बांग्लादेशी घुसपैठियों की पहचान हेतु उपमुख्यमंत्री एवं गृह मंत्री विजय शर्मा के निर्देश पर पुलिस विभाग द्वारा टोल फ्री हेल्पलाइन नम्बर 1800-233-1905 जारी किया गया है, जो 24 घंटे और सप्ताह के सभी दिनों में सक्रिय रहेगा। इस हेल्पलाइन के माध्यम से राज्य का कोई भी नागरिक, अपने क्षेत्र में मौजूद संदिग्ध बांग्लादेशी नागरिकों अथवा उनकी गतिविधियों के संबंध में सूचना सीधे पुलिस प्रशासन को दे सकता है। सूचना देने वाले व्यक्ति की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी, ताकि लोग बिना किसी भय के राष्ट्रहित में सहयोग कर सकें। उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने कहा कि देश की सुरक्षा हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है। माननीय मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की सुशासन की सरकार राज्य को घुसपैठियों और अवैध गतिविधियों से मुक्त रखने के लिए प्रतिबद्ध है। जब तक ऐसी ताकतों को जड़ से नहीं उखाड़ा जाएगा, तब तक हमारे नागरिकों की सुरक्षा और शांति खतरे में रहेगी। यह हेल्पलाइन आम जनता को एक सीधा, सुरक्षित और प्रभावी माध्यम प्रदान करती है जिससे वे देशहित में अपनी भागीदारी निभा सकें। राज्य में अवैध बांग्लादेशी नागरिको की सूचना पर पूरी ताकत के साथ जांच और पहचान कर रही है। उपमुख्यमंत्री ने पुलिस विभाग को निर्देश दिए हैं कि वे इस हेल्पलाइन पर प्राप्त हर सूचना को गंभीरता से लें, आवश्यक सतर्कता बरतें और जल्द से जल्द आवश्यक कार्रवाई करें। साथ ही इस अभियान को लेकर आम नागरिकों में जागरूकता फैलाने हेतु प्रचार-प्रसार के निर्देश भी दिए गए हैं। पुलिस विभाग ने यह भी स्पष्ट किया है कि घुसपैठ के मामलों की पुष्टि के लिए प्राप्त सूचनाओं की सत्यता की पूर्ण जांच की जाएगी, ताकि निर्दोष लोगों को किसी भी प्रकार की असुविधा न हो।
उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने राज्य के सभी नागरिकों से अपील की है कि यदि उन्हें अपने आस-पास किसी संदिग्ध व्यक्ति की गतिविधि अथवा पहचान पर संदेह हो तो वे तुरंत टोल फ्री नम्बर 1800-233-1905 पर संपर्क करें। यह हमारी सामूहिक जिम्मेदारी है कि हम छत्तीसगढ़ को सुरक्षित, शांतिपूर्ण और सशक्त बनाए रखें।

बिहान योजना से जुड़कर ग्रामीण महिलाएं अपने जीवन में बदलाव की नई कहानी लिख रही

बिलासपुर । राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन की बिहान योजना से जुड़कर ग्रामीण महिलाएं अपने जीवन में बदलाव की नई कहानी लिख रही हैं, बिलासपुर जिले बिल्हा ब्लॉक के दुर्गडीह गांव की रहने वाली दिव्यांग जमुना पाटले के लिए यह योजना वरदान बन कर आई दिव्यांगता को मात देकर जमुना समूह की मदद से आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनी है, और अब लखपति दीदी बन कर दूसरी महिलाओं को भी आत्मनिर्भर बनने के लिए प्रेरित कर रही है। जमुना ने बताया एक वर्ष की उम्र में मैं घर के बने कुएं में गिर गई थी हादसे में जान तो बच गई लेकिन एक पैर गंभीर चोट के कारण क्षतिग्रस्त हो गया, बचपन संघर्षों में बीता, जहां लोग कहते कि आगे इसके जीवन का क्या होगा, कौन हाथ थामेगा, जीवन कैसे चलेगा। लेकिन बावजूद इसके उन्होंने हार नहीं मानी और आत्मनिर्भर बनने का संकल्प लिया। एक पैर से ही सिलाई का काम सीखा और अपनी आजीविका कमाने लगी। पिता के देहांत के बाद अपनी मां का भी सहारा बनी। जमुना ने बताया कि गांव में बिहान योजना से जुड़कर आत्मविश्वास और बढ़ा। अपने समूह सहोदरा स्व सहायता समूह के माध्यम से सामुदायिक निवेश कोष (CIF) से ऋण मिला जिससे अपने व्यवसाय की नींव रखी और बेहतर आय अर्जित कर अब लखपति दीदी बन गई हैं। जमुना ने बताया कि समूह से ऋण मिलने पर उन्होंने अपना फैंसी स्टोर और साथ ही रेडीमेड कपड़े की दुकान भी खोली है, इस व्यवसाय से उन्हें अच्छी आय अर्जित होती है, जिससे वह न केवल अच्छी आजीविका कमा रही है बल्कि बचत भी कर पा रही है। उनकी योजना धीरे-धीरे अपने व्यवसाय का विस्तार करने की है। जमुना अब अपने गांव में लखपति दीदी के रूप में पहचानी जाने लगी है। जमुना कहती है कि, मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के सुशासन में महिलाओं को आत्मनिर्भर बनने के भरपूर अवसर मिल रहे हैं। मुझे खुशी है कि मैं भी इसका हिस्सा बन सकी और दिव्यांगता के बावजूद आत्मनिर्भर बन सकी। उल्लेखनीय है कि बिहान योजना ने जहां महिलाओं को संगठित किया, वहीं उनके भीतर छिपी उद्यमिता की भावना को भी प्रोत्साहित किया है, जमुना पाटले जैसी कई महिलाएं हैं जो बिहान से जुड़कर आर्थिक रूप से सशक्त बनी है जमुना जैसी महिलाओं की सफलता यह सिद्ध करती है कि यदि अवसर और उचित मार्गदर्शन मिले तो ग्रामीण महिलाएं भी आर्थिक और सामाजिक रूप से सशक्त बन सकती हैं।

फर्जी खबर छापकर व्यापारी से 2 लाख की मांग, शिकायत करने पर मीडियाकर्मियों पर हुई अपराध दर्ज

बिलासपुर।  सिविल लाइन पुलिस ने फर्जी खबर छापकर व्यापारी सौरभ पांडे से दो लाख रुपये की मांग करने के आरोप में दो मीडियाकर्मियों, शादाब खान पिता एजे खान, तालापारा और एसएम जफर आगा पिता एसएम ताहिर आगा, सरकंडा के खिलाफ अपराध दर्ज किया है। पुलिस के अनुसार, दोनों आरोपियों ने व्यापारी की छवि खराब करने के लिए फर्जी समाचार छापे और 23 जून को धमकी देकर दो लाख रुपये की मांग की।
आरोपियों ने सौरभ पांडे को धमकाते हुए कहा, दो लाख रुपये दे दो, वरना हर दिन ऐसी खबरें छापेंगे कि तुम्हारी छवि धूमिल हो जाएगी। लोग हमारी खबरों को सच मानेंगे और तुम कुछ नहीं कर पाओगे। सौरभ पांडे ने इस मामले की लिखित शिकायत एससपी रजनेश सिंह से की। शिकायत के बाद जांच करने पर शिकायत सही पाई गई, जिसके बाद सिविल लाइन थाने में दोनों मीडियाकर्मियों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया। पुलिस मामले की आगे की जांच कर रही है।