बेहतर समाज निर्माण में शिक्षकों की अहम भूमिका- कलेक्टर

उन्नत शिक्षा अध्ययन संस्थान मे महोत्सव के द्वितीय सोपान का भव्य आयोजन

बिलासपुर।  आज उन्नत शिक्षा अध्ययन संस्थान में वार्षिकोत्सव सत्र 2024-25 का भव्य उद्घाटन समारोह संपन्न हुआ। इस अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में कलेक्टर  अवनीश शरण एवं विशिष्ट अतिथि संयुक्त संचालक शिक्षा संभाग  रामायण आदित्य उपस्थित रहे। कार्यक्रम की शुरुआत मशाल प्रज्वलन, धावक परिक्रमा एवं मशाल स्थापना के साथ हुई, जिसे बीएड प्रशिक्षार्थी रुक्मणी पैकरा एवं चंद्रशेखर सिंह ने संपन्न किया। इसके पश्चात महाविद्यालय की प्राचार्य श्रीमती मीता मुखर्जी सहित प्रशिक्षार्थियों एवं आचार्यों द्वारा मुख्य एवं विशिष्ट अतिथियों का पुष्पगुच्छ एवं प्रतीक पुष्प से अभिनंदन किया गया।
कार्यक्रम में संस्थान के प्रशिक्षार्थियों ने मास्टर आफ सेरेमनी करीम खान के नेतृत्व में भव्य मार्च पास्ट प्रस्तुत किया, जिसके उपरांत स्वागत गीत और विविध सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने समां बांधा। आकर्षण का केंद्र बस्तरिहा नृत्य “दादर के कहवा” तथा बिहु नृत्य रहा, जिसमें प्रशिक्षार्थियों ने अपनी अद्भुत प्रस्तुति से दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। महाविद्यालय की गतिविधियों एवं उपलब्धियों का प्रतिवेदन प्राचार्य प्रो. मीता मुखर्जी द्वारा प्रस्तुत किया गया, जबकि प्रशिक्षार्थी प्रतिनिधि ऋषभ निषाद एवं छात्रावास प्रतिनिधि युवनाश यादव ने समस्या एवं आवश्यकता से संबंधित मांगपत्र का वाचन किया एवं मांग पत्र सौपा। विशिष्ट अति  रामायण आदित्य ने अपने उद्बोधन में विद्यार्थियों को शिक्षा एवं नैतिक मूल्यों की महत्ता पर बल देते हुए प्रेरणादायी विचार साझा किया। तथा इस अवसर पर कलेक्टर  शरण ने प्रशिक्षार्थियों के मांगपत्र पर शीघ्र कार्यवाही करने का आश्वासन दिया एवं प्रशिक्षार्थियों द्वारा किये गये शानदार मार्च-पास्ट एवं बैंड वादन की खूब तारीफ की। कलेक्टर ने प्रशिक्षार्थियों को अपने उद्बोधन से प्रेरित करते हुए अनुशासनबद्ध तरीके से आगे बढ़ने की प्रेरणा दी। उन्होंने कहा कि बेहतर समाज निर्माण में शिक्षकों की अहम भूमिका होती है क्योंकि वे आने वाली पीढ़ियों को तैयार करते हैं। उद्बोधन के पश्चात् कलेक्टर महोदय ने उद्घाटन की विधिवत घोषणा की एवं ध्वजोतोलन के पश्चात रंग-बिरंगे गुब्बारे उड़ाकर समारोह का शुभारंभ किया।
अतिथियों के समक्ष खेलकूद प्रतियोगिताओं में 100 मीटर दौड़ (महिला एवं पुरुष) के फाइनल मुकाबले हुए, जिसमें महिला वर्ग में सबसे तेज दौड़ते हुए मधुरम की भारती ने प्रथम स्थान प्राप्त किया एवं सत्यम की ज्ञानदेवी द्वितीय तथा सुंदरम की नैनसी टोप्पो तृतीय स्थान पर रहीं। वहीं पुरुष वर्ग में प्रथम दिग्विजय सिंह, द्वितीय डमरूधर एवं तृतीय हितेश विश्वकर्मा रहें।विजेताओं को मुख्य अतिथि एवं विशिष्ट अतिथि द्वारा विक्ट्री स्टेंड पर क्राऊन एवं बुके से सम्मानित किया गया। प्रथम सत्र के कार्यक्रम के अंत में प्राचार्य द्वारा मुख्य एवं विशिष्ट अतिथियों को प्रतीक चिन्ह प्रदान किए गए, जिसके बाद सहायक प्राध्यापक डॉ. बी. व्ही. रमणा राव द्वारा आभार प्रदर्शन किया गया।
कार्यक्रम का सफल संचालन सहायक प्राध्यापक डॉ. संजय मनोहर आयदे ने किया संपूर्ण आयोजन उत्साह, ऊर्जा एवं शैक्षणिक उत्कृष्टता का प्रतीक रहा, जिसमें महाविद्यालय के आचार्य वृंद, कार्यालयीन स्टाफ एवं प्रशिक्षार्थियों ने सक्रिय सहभागिता निभाई। आज के द्वितीय सोपान में गोला एवं तवा फेंक की प्रतियोगिता संपन्न हुई।जिसमें गोला फेंक महिला वर्ग में प्रथम स्थान संध्या तिवारी, द्वितीय रेखा एवं तृतीय स्थान पर अणिमा रही , वहीं पुरुष वर्ग में मुकेश वारे, शशिकांत धनकर एवं संदीप भगत ने क्रमशः प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय स्थान प्राप्त किया।तो वहीं तवा फेंक महिला वर्ग में रूकमणी पैंकरा प्रथम, द्वितीय नैनसी टोप्पो एवं तृतीय प्रीति सिंह रही। तथा पुरुष वर्ग में रोशन पटेल, पृथ्वीराज सिंह एवं गजेन्द्र सिंह ने क्रमशः प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय स्थान प्राप्त किया। आज के समस्त व्यक्तिगत खेल में अमित तिवारी, सुनील राव, सुभाष त्रिपाठी, राकेश बाटवे, स्वर्णिम शुक्ला, अमृता मिश्रा एवं खेल समन्वयक करीम खान ने निर्णायक की भूमिका निभाई।
कार्यक्रम में विशेष रूप से खेल विभूति  आर बी कैवर्त, सेवानिवृत्त आचार्य डॉ उल्लास वारे, डॉ डी के जैन, डॉ उषामणि, बी टी आई प्राचार्य अहर्निश पॉल सहित संस्था की प्राचार्य प्रो.श्रीमती मीता मुखर्जी, डॉ. बी.व्ही रमणाराव, अंजना अग्रवाल, डॉ. छाया शर्मा, मनीषा वर्मा, एन.एम. रिजवी, डॉ. रीमा शर्मा, डॉ. संजय आयदे, प्रीति तिवारी, सौरभ सक्सेना, डॉ. नीला चौधरी, डॉ.सलीम जावेद, डॉ.विद्याभूषण शर्मा, राजकुमारी महेन्द्र, डॉ.गीता जायसवाल, पवन कुमार पाण्डेय, डॉ. वंदना रोहिल्ला, रश्मि पाण्डेय, सोनल जैन, सुश्री आशा बनाफर, दुष्यंत चतुर्वेदी, निधि शर्मा, संतोषी फर्वी, ए.के.भास्कर, कमल कुमार देवांगन, भगवती कश्यप, श्रीमती गीतू गुरूद्वान, राघवेन्द्र अधिकारी, सुखनंदन लाल साहू, जयेन्द्र कुमार मिरे, मुरारी लाल यादव, रईस खान, अभिनव, किशोर, पूनम एवं खिलेन्द्र आदि आचार्यवृंद कार्यालयीन स्टाफ एवं बी एड तथा एम एड के प्रशिक्षार्थी उपस्थित रहें।

गुप्त नवरात्र: दस महाविद्याओं की आराधना का दिन

बिलासपुर । श्री पीताम्बरा पीठ त्रिदेव मंदिर सुभाष चौक सरकण्डा मे प्रतिवर्ष की भांति इस वर्ष भी माघ गुप्त नवरात्र महोत्सव 30 जनवरी से 6 फरवरी तक हर्षोल्लास के साथ श्रद्धापूर्वक मनाया जाएगा, इस अवसर पर प्रतिदिन श्री शारदेश्वर पारदेश्वर महादेव का महारुद्राभिषेक, श्री ब्रह्मशक्ति बगलामुखी देवी का विशेष पूजन श्रृंगार, मर्यादा पुरुषोत्तम परमब्रह्म श्रीराम जी का पूजन, श्रृंगार, श्री सिद्धिविनायक जी का पूजन, श्रृंगार, श्री महाकाली, महालक्ष्मी, महासरस्वती देवी का श्री सूक्त षोडश मंत्र द्वारा दूधधरियापूर्वक अभिषेक, रात्रि कालीन पीतांबरा हवनात्मक महायज्ञ निरंतर चलता रहेगा। पीतांबरा पीठाधीश्वर आचार्य डॉ. दिनेश जी महाराज ने बताया कि हिन्दू माह के अनुसार नवरात्रि वर्ष में 4 बार आती है। यह चार माह है:- माघ, चैत्र, आषाढ और अश्विन। चैत्र वासंतीय नवरात्र, आश्विन शारदीय नवरात्र इन्हें प्रकट नवरात्रि कहते हैं एवं माघ और आषाढ़ माह की नवरात्रि को गुप्त नवरात्रि कहते हैं। गुप्त अर्थात छिपा हुआ। इस नवरात्रि में गुप्त विद्याओं की सिद्धि हेतु साधना की जाती है। गुप्त नवरात्रि में तंत्र साधनाओं का महत्व होता है और तंत्र साधना को गुप्त रूप से ही किया जाता है। इसीलिए इसे गुप्त नवरात्रि कहते हैं। इसमें विशेष कामनाओं की सिद्धि की जाती है। साधकों को इसका ज्ञान होने के कारण या इसके छिपे हुए होने के कारण इसको गुप्त नवरात्र कहते हैं। चैत्र, शारदीय नवरात्रि को प्रत्यक्ष और माघ, आषाढ़ को गुप्त नवरात्रि कहते हैं। प्रत्यक्ष नवरात्रि में नवदुर्गा की पूजा होती है परंतु गुप्त नवरात्रि में दस महाविद्याओं की पूजा होती है। प्रत्यक्ष नवरात्रि में सात्विक साधना का उत्सव मनाया जाता है जबकि गुप्त नवरात्रि में तांत्रिक साधना और कठिन व्रत का महत्व होता है। प्रत्यक्ष नवरात्रि को सांसारिक इच्छाओं की पूर्ति हेतु मनाया जाता है जबकि गुप्त नवरात्रि को आध्‍यात्मिक इच्छाओं की पूर्ति, सिद्धि, मोक्ष हेतु मनाया जाता है। प्रत्यक्ष नवरात्रि वैष्णवों की है और गुप्त नवरात्रि शैव और शाक्तों की है। प्रत्यक्ष नवरात्रि की प्रमुख देवी मां पार्वती है जबकि गुप्त नवरात्रि की प्रमुख देवी मां काली है। गुप्त नवरात्र में मां दुर्गा की 10 महाविद्याओं की गुप्त रूप से ही साधना की जाती है और उनका आशीर्वाद प्राप्त किया जाता है, इसलिए इसे गुप्त नवरात्रि कहा जाता है। इनमें 9 दिन तक मां दुर्गा की तंत्र साधना व तंत्र सिद्धि की जाती है। शास्त्रों के अनुसार, इन दिनों मां दुर्गा की पूजा अर्चना करने से सभी प्रकार के दुख दूर हो जाते हैं और घर में सुख समृद्धि बनी रहती है। हर युग में नवरात्रि का अपना अपना महत्व रहा है।

पीठाधीश्वर आचार्य डॉ. दिनेश  महाराज ने बताया कि सतयुग में चैत्र मास की नवरात्रि का अधिक प्रचलन था, वहीं त्रेतायुग में आषाढ़ मास की गुप्त नवरात्रि का, द्वापर युग में माघ मास की गुप्त नवरात्रि और कलयुग में अश्विन और शारदीय नवरात्रि को बहुत धूमधाम से मनाया जाता है।

प्रपंच से परमात्मा की ओर ले जाती है साधना। संसार प्राप्ति की साधना सामान्य और मोक्ष प्राप्ति की साधना है। गुप्त नवरात्र में दस महाविद्याओं की पूजा का विधान है। ये दस महाविद्याएं मां काली, तारा, त्रिपुर सुंदरी, भुवनेश्वरी, छिन्नमस्ता, त्रिपुर भैरवी, धूमावती, बगलामुखी, मातंगी और कमला देवी है। ये दस महाविद्याएं दस रुद्रावतारों की शक्तियां हैं।

माँ काली : माँ काली रुद्रावतार महाकालेश्वर को शक्ति हैं। इनकी साधना से विरोधियों पर विजय प्राप्ति होती है।

माँ तारा: तारकेश्वर रुद्र की शक्ति माँ तारा की सबसे पहले उपासना महर्षि वसिष्ठ ने की थी। इन्हें तांत्रिकों की देवी माना गया है। इनकी उपासना आर्थिक उन्नति और मोक्ष को प्राप्ति होती है।

माँ त्रिपुरसुंदरी : षोडेश्वर रुद्रावतार की शक्ति को ललिता, त्रिपुरसुंदरी या राजराजेश्वरी भी कहा जाता है। इनकी पूजा से धन, ऐश्वर्य, भोग और मोक्ष की प्राप्ति होती है।

माँ त्रिपुरभैरवी : रुद्र भैरवनाथ की शक्ति हैं। इनकी साधना से जीव बंधनों से मुक्त हो जाता है।

माँ भुवनेश्वरी : ये भुवनेश्वर रुद्र की शक्ति हैं। इनको साधना से संतान सुख की प्राप्ति होती है।

माँ छिन्नमस्ता : छिन्नमस्तक रुद्र की शक्ति माँ छिन्नमस्ता की साधना से सभी चिंताएं दूर होती हैं और समस्त कामनाएं पूरी होती हैं।

माँ धूमावती : धूमेश्वर रुद्र की शक्ति हैं। इनकी आराधना से सभी संकट दूर होते हैं। इनकी पूजा विवाहिता नहीं बल्कि विधवा स्त्रियां करती हैं।

माँ बगलामुखी : बगलेश्वर रुद्र की शक्ति माँ बगलामुखी की साधना से मनुष्यों को भय से मुक्ति और वाक् सिद्धि प्राप्त होती है।

माँ मातंगी : मतंगेश्वर रुद्र की शक्ति हैं। इनकी उपासना से गृहस्थ जीवन में खुशहाली आती है।

माँ कमला : कमलेश्वर रुद्र की शक्ति हैं। इनकी कृपा से मनुष्य को धन सन्तान की प्राप्ति होती है।

गुप्त नवरात्र की महिमा को आम लोगों तक ऋषि श्रृंगी ने पहुंचाया था। एक दिन ऋषि श्रृंगी अपने भक्तों के साथ आश्रम में बैठे धर्म चर्चा कर रहे थे। चर्चा समाप्त होने के पश्चात एक महिला उनके पास आई और दुखी होकर कहा कि उसका पति अनीतिपूर्ण कार्य करता है। बार-बार समझाने पर भी उसमें कोई परिवर्तन नहीं आ रहा है। इस वजह से घर में कलह रहता है और पूजा-पाठ भी नहीं हो पाता है। कृपा कर कोई ऐसा उपाय बताएं, जिससे शीघ्र ही उनके व्यसन दूर हो जाएं। तब ऋषि श्रृंगी ने उस महिला को गुप्त नवरात्र की महिमा बताते हुए दस महाविद्याओं की उपासना करने को कहा और कहा कि यह उपासना शीघ्र फलदायी है। इससे उसे अवश्य लाभ होगा। तभी से गृहस्थ लोगों में भी गुप्त नवरात्र प्रचलित हुए। इस नवरात्र की साधना को गुप्त रखा जाता है इसलिए इसे गुप्त नवरात्र कहा जाता है।

 

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने महात्मा गांधी की पुण्यतिथि पर उन्हें किया नमन

शहीद दिवस पर अमर सेनानियों को दी श्रद्धांजलि

रायपुर । मुख्यमंत्री  विष्णु देव साय ने महात्मा गांधी की 30 जनवरी को पुण्यतिथि पर उन्हें नमन किया है।  साय ने महात्मा गांधी सहित देश के अमर शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा है कि शहीद दिवस उन सभी स्वतंत्रता सेनानियों और क्रांतिकारियों को याद करने का अवसर है, जिन्होंने देश के लिए अपने प्राणों की आहुति दी। इन वीर बलिदानियों का ऋण कभी नहीं चुकाया जा सकता। भारत की आजादी के लिए महात्मा गांधी जी के अतुलनीय योगदान को याद करते हुए  साय ने कहा कि गांधीजी ने सत्य, अहिंसा और सत्याग्रह के माध्यम से भारत को आजादी दिलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। गांधी जी के विचार आज भी दुनिया भर के लोगों को प्रेरित करते हैं। मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि हम सभी गांधी जी के बताए सत्य और अहिंसा के मार्ग पर चलने का प्रण लें और राष्ट्र के विकास में योगदान दें।

 मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने माखनलाल चतुर्वेदी की पुण्यतिथि पर उन्हें किया नमन

रायपुर । मुख्यमंत्री  विष्णु देव साय ने सुप्रसिद्ध कवि और लेखक ’पद्मभूषण’ माखनलाल चतुर्वेदी की 30 जनवरी को पुण्यतिथि पर उन्हें नमन किया है।  साय ने  माखनलाल चतुर्वेदी की रचनाओं को याद करते हुए कहा कि माखनलाल जी ने अपनी प्रभावशाली लेखनी से लोगों में राष्ट्र प्रेम की भावना को जागृत किया और उन्हें आजादी की लड़ाई में सक्रिय सहयोग के लिए प्रेरित किया। उनकी रचनाओं में प्रकृति प्रेम के साथ त्याग, बलिदान और देश भक्ति का अनूठा संगम दिखाई देता है। उन्होंने स्वतंत्रता संग्राम के दौरान बिलासपुर के सेन्ट्रल जेल में ‘पुष्प की अभिलाषा’ लिखी जो बहुत लोकप्रिय रचना है।  साय ने कहा कि माखनलाल चतुर्वेदी जी का साहित्य और देश के लिए अमूल्य योगदान हमेशा याद किया जाएगा।

मुख्यमंत्री  साय ने प्रदेशवासियों को गुप्त नवरात्रि की दी बधाई

रायपुर । मुख्यमंत्री  विष्णु देव साय ने प्रदेशवासियों को गुप्त नवरात्रि की बधाई और शुभकामनाएं दी हैं। इस अवसर पर  साय ने मां दुर्गा से प्रदेशवासियों की सुख, समृद्धि और खुशहाली की प्रार्थना की है।

सिविल लाइन डायल 112 टीम ने गुम हुए बालक को माता-पिता से मिलवाया, परिजनों में खुशी की लहर

बिलासपुर  । सिविल लाइन डायल 112 टीम ने चार साल के गुम हुए बालक को उसके माता-पिता से मिलवाकर एक उत्कृष्ट कार्य किया। घटना की सूचना 29 जनवरी को बंगाली पारा गणेश साईं मंदिर के पास से मिली, जहां बालक सुबह से भटक रहा था और डर के कारण रो रहा था।

सिविल लाइन डायल 112 की ईगल टीम ने घटनास्थल पर पहुंचकर बालक से पूछताछ की। बच्चे ने अपना नाम छत्रपाल और माता-पिता के नाम अंजोरी और पिंकी बताए। इसके बाद टीम ने आस-पास के अस्पतालों में उसकी तलाश की, लेकिन कोई जानकारी नहीं मिली। फिर, बच्चे से और पूछताछ करने पर उसने बताया कि वह राजकुमार पब्लिक स्कूल दुल्लापुर पंडरिया में पढ़ता है।

स्कूल से संपर्क करने पर बच्चे के माता-पिता की पहचान हो पाई। परिजनों को सूचना देने पर वे तुरंत पहुंचे और अपने बच्चे को सुरक्षित पाकर अत्यधिक खुश हुए। डायल 112 टीम ने बच्चे के माता-पिता को सलाह दी कि वे अपने बच्चे का ध्यान अच्छे से रखें ताकि ऐसी घटना दोबारा न हो।

परिजनों ने बिलासपुर पुलिस और सिविल लाइन डायल 112 के आरक्षक 1221 सूर्यकांत राठौर और चालक ऋषभ शर्मा का धन्यवाद किया। इस सराहनीय कार्य के लिए पुलिस अधीक्षक  रजनेश सिंह ने डायल 112 टीम की प्रशंसा की।

गांधी चौक में धारदार चाकू के साथ आरोपी गिरफ्तार, कार्यवाही जारी

बिलासपुर । थाना सिटी कोतवाली पुलिस ने गांधी चौक के पास धारदार लोहे के चाकू से लोगों को डराने-धमकाने वाले आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी का नाम सोहन पटेल (20 वर्ष), निवासी आदर्श कालोनी, शिमला टेंट हाउस के पीछे, थाना सिटी कोतवाली, बिलासपुर है। पुलिस ने आरोपी के पास से एक धारदार लोहे का चाकू भी बरामद किया।

मामले का संक्षिप्त विवरण बताते हुए पुलिस ने कहा कि 28 जनवरी 2025 को मुखबिर से सूचना मिली कि सोहन पटेल गांधी चौक के पास आने-जाने वाले लोगों को चाकू दिखाकर डराता-धमकाता है। सूचना मिलने पर पुलिस अधीक्षक  रजनेश सिंह और अन्य पुलिस अधिकारियों के निर्देश पर सिटी कोतवाली पुलिस ने त्वरित कार्यवाही करते हुए आरोपी को गिरफ्तार किया।

गिरफ्तारी के बाद आरोपी के खिलाफ आर्म्स एक्ट की धारा 25 और 27 के तहत मामला दर्ज किया गया। आरोपी ने कोई वैध दस्तावेज प्रस्तुत नहीं किया, जिसके कारण पुलिस ने उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की। इस कार्यवाही में थाना प्रभारी निरीक्षक विवेके कुमार पाण्डेय, प्रआर राकेश तिवारी, और अन्य स्टाफ़ आर. गोकुल जांगडे, नुरूल कादिर का विशेष योगदान रहा।

टीम ने 82 क्विंटल धान का रकबा समर्पण कराया, टोकन निरस्त

बिलासपुर । संयुक्त टीम ने आज फिर कार्रवाई की। टोकन के अनुरूप धान की घर में उपलब्धता नहीं होने पर टोकन निरस्त कर रकबा समर्पण कराया गया। जिला खाद्य अधिकारी ने बताया कि तहसील बिलासपुर स्थित धान उपार्जन केन्द्र महमंद का निरीक्षण नायब तहसीलदार द्वारा किया गया। सेवा सहकारी समिति महमंद के कृषक द्वारा आज विकय हेतु 82.20 क्विंटल का टोकन कटाया गया था। मौके पर भौतिक सत्यापन करने पर धान नहीं पाया गया। अतः संबंधित कृषक से रकबा समर्पण कराया गया। कलेक्टर के निर्देश पर अगले दो दिनों में दलालों और कोचियों पर पैनी नज़र रहेगी। 31 जनवरी को चालू सत्र में धान खरीदी का आखिरी दिन है।

बिलासपुर नगर निगम चुनाव: 6 नामांकन निरस्त, 31 जनवरी तक वापस लेने की प्रक्रिया

बिलासपुर ।  नगरीय चुनाव के अंतर्गत नगर निगम बिलासपुर के महापौर एवं पार्षद पदों के लिए भरे गये नामांकन पत्रों की जांच की गई। जांच के बाद विभिन्न कारणों से पार्षद पद के 6 नाम निर्देशन पत्र निरस्त किए गए। राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा नियुक्त प्रेक्षक  विनीत नंदनवार भी इस दौरान उपस्थित थे। निरस्त किये गये नाम निर्देशन पत्रों में वार्ड क्रमांक 13 से श्री नर्मदा पटेल एवं  श्याम पटेल, वार्ड 51 से राजकुमार साहू, वार्ड 52 से अनिता पाटिल, वार्ड 55 से शबनम बेगम एवं वार्ड 68 से मीनाक्षी पटेल शामिल हैं। वार्ड 13 के  नर्मदा पटेल का नामांकन चुनाव आयोग द्वारा निर्हरित सूची में शामिल होने के कारण और श्याम पटेल का नामांकन आरक्षित वर्ग के सीट पर जाति संबंधी कोई प्रमाण प्रस्तुत नहीं करने के कारण निरस्त किया गया है। शेष 4 प्रत्याशियों का नामांकन पत्र अपूर्ण रूप से भरे होने के कारण अस्वीकृत किया गया है। आयोग द्वारा निर्धारित चुनाव कार्यक्रम के अनुसार 31 जनवरी को अपरान्ह 3 बजे तक नामांकन वापिस ले सकते हैं। इसके बाद प्रतीक चिन्ह आवंटित कर प्रत्याशियों की अंतिम सूची जारी की जायेगी।
आयोग के प्रेक्षक पहुंचे
उप जिला निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा नियुक्त जिले के प्रेक्षक श्री विनीत नंदनवार पहुंच चुके हैं। न्यू सर्किट हाऊस के कक्ष क्रमांक 3 मेें उनके ठहरने की व्यवस्था की गई हैं।  नंदनवार वर्ष 2013 बैच के आईएएस अधिकारी हैं तथा फिलहाल संचालक भू-अभिलेख के पद पर कार्यरत हैं। चुनाव संबंधी सूचना अथवा शिकायत सवेरे 10 बजे से शाम साढ़े 5 बजे तक दर्ज कराई जा सकती है।

वार्षिक उत्सव में सांस्कृतिक प्रस्तुतियों से रंगी महाविद्यालय की शाम

बिलासपुर । आज शासकीय राघवेंद्र राव विज्ञान स्नातकोत्तर महाविद्यालय में वार्षिक उत्सव का आयोजन किया गया। इस आयोजन के मुख्य अतिथि महाविद्यालय के प्राचार्य एवं अपर संचालक डॉ. प्रवीण पांडे थे। कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथियों के रूप में महाविद्यालय के वरिष्ठ प्राध्यापक डॉ. डी.पी. साहू, डॉ. के.पी. तिवारी, डॉ. उत्तर तिवारी और डॉ. अवनीश कुमार शाव उपस्थित रहे।

कार्यक्रम की शुरुआत सरस्वती पूजन से की गई, जिसके बाद छात्र संघ प्रभारी डॉ. उषा तिवारी ने महाविद्यालय के इतिहास, आधोसंरचना और उपलब्धियों के बारे में छात्रों को जानकारी दी। अपने संबोधन में महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. प्रवीण पांडे ने कहा कि वार्षिक उत्सव के सांस्कृतिक कार्यक्रम पढ़ाई के साथ-साथ छात्रों के व्यक्तित्व विकास के लिए महत्वपूर्ण हैं। उन्होंने छात्रों को यह सलाह दी कि वे पढ़ाई के अलावा अन्य गतिविधियों में भी भाग लें, क्योंकि इससे उन्हें जीवन की चुनौतियों का सामना हंसी-खुशी करना आता है।

प्राचार्य ने महाविद्यालय के प्राध्यापकों और छात्रों को महाविद्यालय को ऊंचाइयों तक पहुंचाने के लिए प्रेरित किया और बताया कि ऑटोनॉमस कॉलेज की रैंकिंग में महाविद्यालय छत्तीसगढ़ में तीसरे स्थान पर है। अंत में उन्होंने छात्रों को अच्छे कार्यक्रम प्रस्तुत करने के लिए धन्यवाद दिया और शुभकामनाएं दी।

कार्यक्रम में छात्रों द्वारा छत्तीसगढ़ के विभिन्न लोक नृत्य जैसे बस्तरिया दरिया, राजस्थानी, बंगाली और पंजाबी नृत्य की प्रस्तुतियां दी गई। नृत्य नाटिका महाभारत ने दर्शकों का मनोरंजन किया, जबकि नाटक ‘द्रोपती के अंतरनाद’ ने दर्शकों को भावनात्मक रूप से झकझोरा। फैंसी ड्रेस प्रतियोगिता में लक्ष्मीबाई, संबलपुरी छत्तीसगढ़ी, मराठी और क्रिश्चियन संस्कृति को प्रस्तुत किया गया।

कार्यक्रम का संचालन सांस्कृतिक प्रभारी डॉ. सुनंदा मरावी ने किया और महाविद्यालय का समस्त स्टाफ और छात्र-छात्राएं कार्यक्रम में उपस्थित रहे।

सिन्धी समाज द्वारा 30 जनवरी से 5 फरवरी तक एक्युप्रेशर व नेचुरल चिकित्सा शिविर का आयोजन

बिलासपुर। पूज्य सिन्धी पंचायत व रामा वैली आशीर्वाद वैली के तत्वाधान में एक्युप्रेशर रिसर्च ट्रेनिंग व ट्रीटमेंट संस्थान, जोधपुर (राजस्थान) के विशेषज्ञों द्वारा 30 जनवरी से 5 फरवरी 2025 तक एक्युप्रेशर, वाईब्रेशन, सुजोक और नेचुरल चिकित्सा शिविर का आयोजन किया जा रहा है। यह शिविर कम्युनिटी हॉल, सेकंड फ्लोर, शॉपिंग कॉम्प्लेक्स, रामा वैली, बिलासपुर में आयोजित होगा।

7 दिन के इस शिविर की पंजीकरण फीस मात्र 100 रुपये रखी गई है, जबकि इलाज पूरी तरह निःशुल्क रहेगा। इसका समय सुबह 9 बजे से दोपहर 1 बजे तक और शाम 4 बजे से रात 8 बजे तक निर्धारित किया गया है। प्रत्येक मरीज को प्रतिदिन 15 से 20 मिनट तक उपचार दिया जाएगा।

शिविर में बिना औषधि के विभिन्न रोगों का उपचार किया जाएगा, जिनमें घुटनों का दर्द, मोटापा, ब्लड प्रेशर, शुगर, गैस, कब्ज, सर्वाइकल दर्द, कमर दर्द, जोड़ों का दर्द, पुराना सिरदर्द, सायटिका, आंख, कान, नाक व गले के रोग, वैरिकोज वेन्स आदि शामिल हैं। यह चिकित्सा शिविर सभी समाज के लोगों के लिए खुला है, और आयोजकों ने नगरवासियों से अधिक से अधिक संख्या में लाभ उठाने का आग्रह किया है।

रजिस्ट्रेशन या अधिक जानकारी के लिए इच्छुक व्यक्ति थैरेपिस्ट गोरधन चौधरी (एमडी, एक्युप्रेशर) 9571721149 और थैरेपिस्ट भोमराज चौधरी (एमडी, एक्युप्रेशर) 9755983719 से संपर्क कर सकते हैं।

जिला पंचायत चुनाव: तीसरे दिन 12 प्रत्याशियों ने भरा नामांकन, 3 फरवरी तक जारी रहेगा प्रक्रिया

बिलासपुर।  त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के तहत आज नामांकन के तीसरेे दिन जिला पंचायत सदस्य के बारह प्रत्याशियों ने नामांकन दाखिल किया। निर्वाचन क्षेत्र कमांक 02 बिल्हा से झगर राम सूर्यवंशी ग्राम मटियारी, निर्वाचन क्षेत्र कमांक 03 बिल्हा से तुलसी नवीन कुमार साहू ग्राम खैरा, निर्वाचन क्षेत्र क्रमांक 06 तखतपुर से हेमलता डॉ. देवी प्रसाद डडसेना ग्राम बांधा, निर्वाचन क्षेत्र क्रमांक 08 तखतपुर से आशा यादव ग्राम खुरदुर, राकेश कुमार तिवारी ग्राम जोकी, निर्वाचन क्षेत्र क्रमांक 10 मस्तूरी से अभिलेष यादव ग्राम कर्रा, सूरेश महंत ग्राम कनई, निर्वाचन क्षेत्र क्रमांक 12 मस्तूरी से एस कुमार मनहर ग्राम कोनी, राजेश्वर भार्गव ग्राम टिकारी, सर्वेश सुमन ग्राम किरारी, निर्वाचन क्षेत्र क्रमांक 13 मस्तूरी से सरोज कौशल डहरिया ग्राम धनगंवा, निर्वाचन क्षेत्र क्रमांक 14 मस्तूरी से किरण संतोष यादव ग्राम पचपेड़ी ने आज नामांकन दाखिल किया। नामांकन दाखिल करने की अंतिम तिथि 3 फरवरी है।