टेलीग्राम पर 55 करोड़ रुपये का जुर्माना, बच्चों के शोषण से जुड़े सवालों के जवाब में देरी बनी वजह

टेक्नोलॉजी डेक्स । ऑस्ट्रेलिया के ऑनलाइन सुरक्षा नियामक ने मैसेजिंग प्लेटफॉर्म टेलीग्राम पर करीब 5.54 करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया है। यह कार्रवाई इसलिए की गई क्योंकि टेलीग्राम ने बच्चों के शोषण और हिंसक चरमपंथी सामग्री के प्रसार को रोकने के लिए उठाए गए कदमों पर समय पर स्पष्टीकरण नहीं दिया।

समय पर जवाब न देना पड़ा महंगा

मार्च 2024 में ऑस्ट्रेलिया की eSafety Commission ने यूट्यूब, एक्स, फेसबुक, टेलीग्राम और रेडिट जैसी सोशल मीडिया कंपनियों से जवाब मांगा था कि वे अपने प्लेटफॉर्म पर बच्चों के यौन शोषण और चरमपंथी गतिविधियों को रोकने के लिए क्या उपाय कर रहे हैं। इन कंपनियों को मई 2024 तक जवाब देना था, लेकिन टेलीग्राम ने जवाब देने में अक्टूबर तक की देरी कर दी।

पारदर्शिता को लेकर सख्त ऑस्ट्रेलिया

eSafety कमिश्नर जूली इनमैन ग्रांट ने कहा कि समय पर पारदर्शिता केवल एक विकल्प नहीं है, बल्कि सभी कंपनियों के लिए यह जरूरी है कि वे ऑस्ट्रेलियाई कानूनों का पालन करें। उन्होंने कहा कि टेलीग्राम की देरी से ऑनलाइन सुरक्षा उपायों को लागू करने में बाधा उत्पन्न हुई।

टेलीग्राम ने दी सफाई

टेलीग्राम ने अपने बचाव में कहा कि उसने पिछले साल ही सभी सवालों के जवाब दे दिए थे और कोई भी मुद्दा लंबित नहीं है। कंपनी का कहना है कि यह जुर्माना केवल जवाब देने में हुई देरी के कारण लगाया गया है, जिसे अनुचित और असंगत बताया गया है। टेलीग्राम ने इसके खिलाफ अपील करने की बात कही है।

वैश्विक स्तर पर भी टेलीग्राम पर नजर

टेलीग्राम पर वैश्विक स्तर पर भी कड़ी निगरानी रखी जा रही है। अगस्त 2024 में फ्रांस में टेलीग्राम के संस्थापक पावेल ड्यूरोव के खिलाफ एप के माध्यम से अवैध गतिविधियों के आरोप में औपचारिक जांच शुरू की गई थी। फिलहाल ड्यूरोव जमानत पर हैं और उन्होंने सभी आरोपों से इनकार किया है।

बांगलादेश के सामने सेमीफाइनल में बने रहने की चुनौती, न्यूजीलैंड जीत के लिए तैयार

खेल डेक्स । आज बांगलादेश और न्यूजीलैंड के बीच चैंपियंस ट्रॉफी 2025 के ग्रुप ए में एक महत्वपूर्ण मुकाबला होगा, जहां न्यूजीलैंड सेमीफाइनल में अपनी जगह पक्की करने के इरादे से मैदान में उतरेगा। ब्लैक कैप्स ने पाकिस्तान को 60 रनों से हराकर शानदार शुरुआत की थी और एक और जीत उन्हें नॉकआउट में प्रवेश दिला सकती है। हालांकि, उनके सामने चयन संबंधी समस्या खड़ी हो गई है क्योंकि राचिन रवींद्र के चोट से वापसी की संभावना है। वहीं, विल यंग ने पाकिस्तान के खिलाफ शतक बना कर अपने स्थान को मजबूत किया है।

बांगलादेश, जो इंडिया से छह विकेट से हारने के बाद मुश्किल स्थिति में है, को इस मैच में जीत जरूरी है। उनकी शीर्ष क्रम की बल्लेबाजी पिछली मैच में संघर्ष करती नजर आई थी और अगर जाकिर अली और तोहीद हरिदॉय की 154 रनों की साझेदारी न होती, तो बांगलादेश मुश्किल में पड़ जाता। उनके गेंदबाजों ने अच्छा प्रदर्शन किया, लेकिन रन कम थे और फील्डिंग में भी चूके थे। बांगलादेश को न्यूजीलैंड के खिलाफ 2017 के चैंपियंस ट्रॉफी में किए गए ऐतिहासिक उलटफेर से प्रेरणा लेने की उम्मीद होगी।

न्यूजीलैंड की चयन समस्या

न्यूजीलैंड ने अपने पहले मैच में बेहतरीन प्रदर्शन किया और पाकिस्तान के खिलाफ 60 रनों से जीत हासिल की। हालांकि, अब उनके सामने चयन का सिरदर्द है क्योंकि राचिन रवींद्र के चोट से वापसी के बाद, विल यंग को बाहर रखने का सवाल है। यंग ने पाकिस्तान के खिलाफ शतक बनाकर अपनी स्थिति मजबूत की है और उनकी स्पिन खेलने की क्षमता को देखते हुए टीम के लिए यह एक कठिन निर्णय होगा।

बांगलादेश की बल्लेबाजी में चिंता

बांगलादेश का शीर्ष क्रम इंडिया के खिलाफ पूरी तरह से असफल रहा था। जाकिर अली और तोहीद हरिदॉय की साझेदारी ने उन्हें कुछ सम्मानजनक स्कोर तक पहुंचाया, लेकिन अन्य बल्लेबाजों का प्रदर्शन निराशाजनक रहा। बांगलादेश को न्यूजीलैंड के खिलाफ चुनौतीपूर्ण गेंदबाजी आक्रमण का सामना करना होगा, और अगर उन्हें जीत की उम्मीद है, तो उन्हें अपने बल्लेबाजों से बेहतर प्रदर्शन की आवश्यकता होगी।

महत्वपूर्ण मुकाबला

बांगलादेश के लिए यह मुकाबला पूरी तरह से जीवन-मरण का है। इंडिया से हारने के बाद वे ग्रुप में तीसरे स्थान पर हैं और उनकी नेट रन रेट -0.408 है। एक हार उन्हें टूर्नामेंट से बाहर कर देगी। न्यूजीलैंड, जो ग्रुप ए में अच्छी स्थिति में है, इस मुकाबले को जीतकर सेमीफाइनल में अपनी जगह पक्की करना चाहेगा।

यह मुकाबला दोनों टीमों के लिए महत्वपूर्ण है और दर्शकों को एक रोमांचक मैच की उम्मीद है।

विराट कोहली के कवर ड्राइव ने पाकिस्तान पर बरपाया कहर, शतक जड़कर भारत को दिलाई सेमीफाइनल की टिकट

खेल डेक्स । चैंपियंस ट्रॉफी 2025 में भारत ने पाकिस्तान को छह विकेट से करारी शिकस्त दी। दुबई अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम में खेले गए इस मुकाबले में पाकिस्तान के 242 रनों के लक्ष्य को टीम इंडिया ने 42.3 ओवर में चार विकेट खोकर हासिल कर लिया। इस जीत के साथ ही भारत ने सेमीफाइनल के लिए क्वालिफाई कर लिया। भारत की जीत के हीरो रहे विराट कोहली, जिन्होंने 111 गेंदों में नाबाद 100 रनों की शानदार पारी खेली। उनकी पारी में लगाए गए कवर ड्राइव शॉट्स ने पाकिस्तान के गेंदबाजों को पस्त कर दिया।

कवर ड्राइव: कोहली की कमजोरी से ताकत तक का सफर

बीसीसीआई द्वारा साझा किए गए वीडियो में विराट कोहली ने अपने पसंदीदा शॉट ‘कवर ड्राइव’ के प्रति अपने प्यार का इजहार किया। उन्होंने कहा, “कवर ड्राइव पिछले कुछ वर्षों में मेरी कमजोरी रहा है, लेकिन मैंने इसी शॉट से खूब रन भी बनाए हैं। पाकिस्तान के खिलाफ भी मैंने अपने शॉट्स पर भरोसा जताया। शुरुआत में जो रन बटोरे, वह ज्यादातर कवर ड्राइव से ही आए। मुझे यह शॉट खेलते हुए अच्छा महसूस होता है और इस मुकाबले में मेरे लिए यह व्यक्तिगत रूप से एक यादगार पारी रही।”

तीसरे नंबर पर बल्लेबाजी से विराट को क्यों है खास लगाव?

कोहली ने तीसरे नंबर पर बल्लेबाजी को लेकर कहा, “तीसरे क्रम पर बल्लेबाजी करते हुए मेरा ध्यान बीच के ओवरों पर नियंत्रण बनाए रखने पर होता है। मुझे स्पिनरों के खिलाफ जोखिम नहीं लेना और तेज गेंदबाजों के खिलाफ रन बटोरने होते हैं। चेज करते हुए मैच खत्म करना मुझे पसंद है और मैं हमेशा शांतचित रहते हुए टीम को जीत दिलाने की कोशिश करता हूं।”

भारत-पाकिस्तान मैच का रोमांच और विराट की भूमिका

भारत-पाकिस्तान मुकाबले के माहौल पर कोहली ने कहा, “जब भी पाकिस्तान के खिलाफ मैच होता है, माहौल शानदार होता है। खासकर इस क्षेत्र में, जहां दोनों टीमों के बराबर फैंस होते हैं। इस मैच में योगदान देना और टीम को जीत दिलाना मेरे लिए खास है।”

कोहली ने खुशदिल शाह के खिलाफ चौका लगाकर अपना शतक पूरा किया और भारत को ऐतिहासिक जीत दिलाई। उन्होंने कहा, “मैं अपनी पारी की गति से खुश हूं। मुझे एकदिवसीय मैचों में इसी तरह खेलना पसंद है। मेरे लिए आलोचनाओं को नजरअंदाज कर अपने खेल पर ध्यान देना जरूरी था।”

वनडे करियर का 51वां शतक लगाने के बाद कोहली ने कहा, “मुझे ऐसे बड़े मुकाबलों में उम्मीदों के अनुरूप प्रदर्शन करना अच्छा लगता है। मैं खुद से कहता हूं कि फील्डिंग के दौरान भी अपना 100 प्रतिशत दूंगा और यही कारण है कि मुझे इस प्रदर्शन पर गर्व है।”

FIH प्रो लीग: इंग्लैंड के खिलाफ जीत के सिलसिले को दोहराने उतरेगी भारतीय पुरुष हॉकी टीम

भुवनेश्वर । भारतीय पुरुष हॉकी टीम, जो पेरिस ओलंपिक में कांस्य पदक जीत चुकी है, अपनी जीत की लय को बनाए रखने के लिए इंग्लैंड के खिलाफ एफआईएच प्रो लीग मैच में सोमवार को उतरेगी। आयरलैंड के खिलाफ लगातार दो जीत के बाद भारतीय टीम का आत्मविश्वास बढ़ा है और अब वह अपने से उच्च रैंकिंग वाली इंग्लैंड टीम को चुनौती देने के लिए तैयार है।

नई सत्र की शुरुआत भारतीय टीम के लिए उम्मीद के मुताबिक नहीं रही, क्योंकि उसे स्पेन और जर्मनी के खिलाफ मिश्रित परिणाम मिले थे। हालांकि, टीम ने स्पेन को रिटर्न मैच में 2-0 से हराया, वहीं जर्मनी से 4-1 की हार का सामना करना पड़ा। पेनल्टी कॉर्नर भारत के लिए एक कमजोर कड़ी बनकर उभरा है। लेकिन, कप्तान हरमनप्रीत सिंह की वापसी से टीम ने वापसी की और जर्मनी के खिलाफ दूसरा मैच 1-0 से जीत लिया।

भारत ने आयरलैंड पर दोनों मैचों में जीत दर्ज की, जिससे टीम का मनोबल ऊंचा है। पिछले मैचों में मनदीप सिंह, जरमनप्रीत सिंह, सुखजीत सिंह, नीलम सेस, अभिषेक और शमशेर ने शानदार गोल किए थे। दूसरी ओर, इंग्लैंड ने स्पेन के खिलाफ 4-1 से हारने के बाद शूटआउट में जीत दर्ज की और अब वह भारतीय टीम के खिलाफ जीत की राह पर लौटने को बेताब है।

इंग्लैंड की उम्मीदों का दारोमदार अनुभवी सैम वार्ड पर है, जिन्होंने इस सत्र में नौ गोल किए हैं और गोल स्कोरिंग की सूची में दूसरे स्थान पर हैं। हालांकि, भारत की मजबूत रक्षापंक्ति को भेदना इंग्लैंड के लिए आसान नहीं होगा, क्योंकि भारत ने अब तक सिर्फ आठ गोल गंवाए हैं, जो कि नौ टीमों में सबसे कम है।

भारतीय टीम इस मैच में इंग्लैंड को हराकर अपने घरेलू चरण को शानदार तरीके से समाप्त करना चाहती है।

भारत को खेलों में वैश्विक शक्ति बनाने की दिशा में कदम बढ़ा रहा है: पीएम मोदी का मन की बात में बयान

नई दिल्ली प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने ‘मन की बात’ कार्यक्रम में भारत की खेल शक्ति के रूप में उभरने की दिशा में किए जा रहे प्रयासों पर बात की। उन्होंने राष्ट्रीय खेलों के आयोजन की सराहना करते हुए कहा कि भारत तेजी से एक वैश्विक खेल शक्ति बनने की ओर बढ़ रहा है, और यह युवा खिलाड़ियों की कठिन मेहनत और अनुशासन का परिणाम है।

प्रधानमंत्री ने उत्तराखंड में आयोजित राष्ट्रीय खेलों की सफलता की प्रशंसा की, जिसमें 11,000 से अधिक खिलाड़ियों ने भाग लिया और शानदार प्रदर्शन किया। प्रधानमंत्री ने विशेष रूप से भारतीय सशस्त्र बलों की टीम सर्विसेज को बधाई दी, जिन्होंने सबसे अधिक स्वर्ण पदक जीते।

प्रधानमंत्री ने खेलो इंडिया अभियान की भी सराहना की, जिससे अनेक खिलाड़ियों को पहचान मिली और राष्ट्रीय खेलों में उनके प्रदर्शन ने देश भर में चर्चा का विषय बना दिया। उन्होंने हिमाचल प्रदेश के सावन बरवाल, महाराष्ट्र के किरण मात्रे, तेजस शिरसे और आंध्र प्रदेश की ज्योति याराजी का उदाहरण देते हुए कहा कि इन खिलाड़ियों ने देश को नई उम्मीदें दी हैं।

इसके अलावा, प्रधानमंत्री ने यूपी, हरियाणा और कर्नाटक के खिलाड़ियों की भी सराहना की। उन्होंने यूपी के भाला फेंक खिलाड़ी सचिन यादव, हरियाणा की ऊंची कूद खिलाड़ी पूजा और कर्नाटक की तैराक धिनिधि देसिन्धु का उल्लेख किया, जिन्होंने अपनी उत्कृष्टता से देशवासियों का दिल जीता।

प्रधानमंत्री ने यह भी बताया कि इस बार किशोर चैंपियंस ने भी शानदार प्रदर्शन किया। 15 वर्षीय निशानेबाज गेविन, 16 वर्षीय अनुष्का (यूपी) और 19 वर्षीय पोल वाल्टर देव कुमार मीणा (मप्र) ने यह साबित कर दिया कि भारत का खेल भविष्य प्रतिभावान पीढ़ी के हाथों में सुरक्षित है।

प्रधानमंत्री का मानना है कि खेलों में भागीदारी और इन खेलों में जीतने का संघर्ष केवल व्यक्तिगत नहीं, बल्कि समग्र समाज और राज्य के विकास को प्रेरित करता है।

बांग्लादेश सरकार ने एलन मस्क से स्टारलिंक इंटरनेट सेवा शुरू करने की अपील की

ढाका बांग्लादेश की अंतरिम सरकार ने अमेरिकी अरबपति एलन मस्क से बांग्लादेश में स्टारलिंक सैटेलाइट इंटरनेट सेवा शुरू करने के लिए संपर्क किया है। सरकार के मुख्य सलाहकार, मोहम्मद यूनुस ने 19 फरवरी को मस्क को एक पत्र लिखकर देश में इस अत्याधुनिक इंटरनेट सेवा को शुरू करने का आग्रह किया है।

पत्र में यूनुस ने कहा कि बांग्लादेश में स्टारलिंक की कनेक्टिविटी से न केवल युवा बांग्लादेशियों, बल्कि ग्रामीण क्षेत्रों और कमजोर वर्गों के लिए भी महत्वपूर्ण लाभ मिलेंगे। उन्होंने मस्क से बांग्लादेश आने का निमंत्रण देते हुए यह भी कहा कि इस यात्रा से मस्क को देश के युवाओं से मिलने का मौका मिलेगा, जो इस नई तकनीक से सबसे ज्यादा लाभान्वित होंगे।

बांग्लादेश में स्टारलिंक का सकारात्मक प्रभाव

यूनुस ने यह भी कहा कि स्टारलिंक बांग्लादेश के बुनियादी ढांचे को सशक्त बनाएगा और उद्यमी युवाओं, ग्रामीण क्षेत्रों और वंचित समुदायों के लिए एक नया अवसर खोलेगा। इसके अलावा, बांग्लादेश सरकार ने अगले 90 दिनों के भीतर स्टारलिंक सेवा शुरू करने की योजना बनाई है। यूनुस ने इस संबंध में अपने सरकार के शीर्ष अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए हैं।

एलन मस्क के साथ पहले की जा चुकी है बातचीत

बांग्लादेश सरकार के साथ इस पहल पर विचार करने से पहले, मोहम्मद यूनुस ने 13 फरवरी को फोन पर एलन मस्क से विस्तृत चर्चा की थी। इस बातचीत में दोनों ने बांग्लादेश में स्टारलिंक की संभावनाओं और भविष्य को लेकर विचार साझा किए थे।

राजनीतिक स्थिति में बदलाव

गौरतलब है कि बांग्लादेश में पिछले कुछ महीनों से राजनीतिक अस्थिरता रही है। शेख हसीना की सरकार के खिलाफ विरोध-प्रदर्शन हुए थे, जिसके बाद हसीना को देश छोड़ने पर मजबूर होना पड़ा। वर्तमान में बांग्लादेश की अंतरिम सरकार का नेतृत्व मोहम्मद यूनुस कर रहे हैं, जो इस नई तकनीक को देश में लाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।

शेयर बाजार में फिर बिकवाली का दबाव, सेंसेक्स 733 अंक गिरकर 75,000 के नीचे

नई दिल्ली। भारतीय शेयर बाजार में आज लगातार पांचवें सत्र के लिए गिरावट का रुझान देखा गया। अमेरिकी और वैश्विक बाजारों में कमजोरी के कारण भारतीय बाजार में भी दबाव बढ़ा। उपभोक्ता मांग में कमी और टैरिफ खतरों की चिंताओं के बीच, प्रमुख इंडेक्स सेंसेक्स और निफ्टी दोनों में गिरावट आई।

आज सुबह बाजार खुलने के बाद सभी सेक्टर्स में बिकवाली का माहौल था, जिससे सेंसेक्स 75,000 के स्तर से नीचे गिर गया। सुबह 9:44 बजे, बीएसई सेंसेक्स 733.86 अंक (0.97%) गिरकर 74,577.20 पर ट्रेड कर रहा था। वहीं, निफ्टी50 भी 222.61 अंक (0.98%) गिरकर 22,573.30 पर कारोबार करता दिखा।

अमेरिका में टैरिफ की आशंका से बाजार पर असर

हालिया आंकड़ों के अनुसार, फरवरी में अमेरिकी उपभोक्ता भावना 15 महीने के निचले स्तर पर आ गई, जबकि पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प की टैरिफ योजनाओं को लेकर चिंता बढ़ी है। इस आशंका के बीच, अमेरिका में मुद्रास्फीति की दर में वृद्धि हो सकती है, जिसके चलते वैश्विक बाजारों में मंदी का दबाव बढ़ा। इस कारण एशियाई बाजारों में भी गिरावट देखी गई।

शेयरों में मिक्स रुझान

बाजार खुलने के बाद जोमैटो, एचसीएल टेक, टीसीएस, टेक महिंद्रा, एचडीएफसी बैंक और इंडसइंड बैंक के शेयरों में गिरावट देखी गई। वहीं, सन फार्मा, मारुति, एमएंडएम, बजाज फिनसर्व और नेस्ले इंडिया के शेयरों में हल्की बढ़त देखने को मिली।

सेक्टोरल इंडेक्स की बात करें तो निफ्टी आईटी इंडेक्स में 1.8% की गिरावट आई, जिसमें एलटीटीएस, पर्सिस्टेंट सिस्टम्स और कोफोर्ज शामिल थे। इसके अलावा, निफ्टी फाइनेंशियल सर्विसेज, मीडिया, मेटल, पीएसयू बैंक, रियल्टी और कंज्यूमर ड्यूरेबल्स इंडेक्स भी 1% से अधिक गिरावट के साथ खुले।

निष्कर्ष

आज के कारोबार में निवेशकों को सतर्क रहने की सलाह दी जा रही है क्योंकि बाजार में कमजोरी का रुझान बना हुआ है। आने वाले समय में अमेरिकी बाजारों के प्रभाव और टैरिफ की स्थिति पर नजर रखना महत्वपूर्ण रहेगा।

मैनपाट: छत्तीसगढ़ का मिनी शिमला

पर्यटन डेस्क । मैनपाट छत्तीसगढ़ के सरगुजा जिले में स्थित है और इसे “छत्तीसगढ़ का मिनी शिमला” कहा जाता है। यह स्थल अपने ठंडे मौसम, हरे-भरे पहाड़ों और सुंदर घाटियों के लिए प्रसिद्ध है।

किसलिए प्रसिद्ध है


मैनपाट अपनी खूबसूरत पहाड़ियों, बौद्ध मठों और रोमांचक एडवेंचर गतिविधियों के लिए जाना जाता है।

प्रमुख आकर्षण

  • टाइगर पॉइंट और जलप्रपात।
  • बौद्ध मठ और तिब्बती संस्कृति।
  • रूमी दरहा और दलदली भूमि (बाउंसिंग ग्राउंड)।
  • एडवेंचर स्पोर्ट्स: पैराग्लाइडिंग और ट्रेकिंग।

कैसे पहुँचें:

  • सड़क मार्ग: अंबिकापुर से 55 किमी दूर।
  • रेल मार्ग: निकटतम रेलवे स्टेशन अंबिकापुर है।
  • वायु मार्ग: रायपुर हवाई अड्डे से अंबिकापुर के लिए सड़क मार्ग उपलब्ध है।

ठहरने की सुविधा


सरगुजा और मैनपाट में होमस्टे, गेस्ट हाउस और रिसॉर्ट्स की उत्तम सुविधा है।

स्थानीय संस्कृति और व्यंजन


तिब्बती संस्कृति के प्रभाव के कारण यहाँ मोमोज़, थुकपा जैसे व्यंजन मिलते हैं।

पर्यटन के लिए उपयुक्त समय: नवंबर से फरवरी

कैलाश गुफा: रहस्यमयी गुफाओं की दुनिया

पर्यटन डेस्क । कैलाश गुफा छत्तीसगढ़ के बस्तर क्षेत्र में स्थित एक अद्वितीय गुफा है, जो अपने चूना-पत्थर की संरचनाओं और रहस्यमयी वातावरण के लिए प्रसिद्ध है।

किसलिए प्रसिद्ध है:

यह गुफा अपनी प्राकृतिक संरचनाओं और शिवलिंग जैसी आकृतियों के लिए जानी जाती है, जो इसे धार्मिक और प्राकृतिक दृष्टि से महत्वपूर्ण बनाती है।

प्रमुख आकर्षण

  • प्राकृतिक चूना-पत्थर की संरचनाएँ।
  • शिवलिंग जैसी आकृतियाँ।
  • रहस्यमयी अंधकार और रोमांचक गुफा सफारी।
  • कुटुमसर गुफा और कांगेर घाटी का सुंदर नजारा।

कैसे पहुँचें

  • सड़क मार्ग: जगदलपुर से 40 किमी दूर।
  • रेल मार्ग: निकटतम रेलवे स्टेशन जगदलपुर है।
  • वायु मार्ग: रायपुर से जगदलपुर के लिए हवाई सेवा उपलब्ध है।

ठहरने की सुविधा

जगदलपुर और आसपास के पर्यटन स्थल पर होमस्टे और गेस्ट हाउस की सुविधा उपलब्ध है।

पर्यटन के लिए उपयुक्त समय: अक्टूबर से मार्च

कुटुमसर गुफा: छत्तीसगढ़ की रहस्यमयी अंडरग्राउंड वर्ल्ड

पर्यटन डेस्क । कांगेर घाटी राष्ट्रीय उद्यान में स्थित कुटुमसर गुफा भारत की सबसे लंबी प्राकृतिक गुफाओं में से एक है। यह गुफा अपने stalactite और stalagmite संरचनाओं के लिए प्रसिद्ध है। गुफा के अंदर अंधकार और रहस्यमयी वातावरण रोमांचक अनुभव प्रदान करता है।

किसलिए प्रसिद्ध है


कुटुमसर गुफा अपनी अद्वितीय चूना-पत्थर की संरचनाओं और अंदर रहने वाली अंधी मछलियों के लिए प्रसिद्ध है।

प्रमुख आकर्षण:

  • अद्भुत चूना-पत्थर की संरचनाएँ।
  • अंधी मछलियाँ: गुफा के अंदर रहने वाली मछलियाँ, जिनकी आँखें विकसित नहीं होतीं।
  • प्राकृतिक जलकुंड और झरने।
  • रोमांचकारी गुफा सफारी।

घूमने लायक स्थान: कैलाश गुफा

 कुटुमसर के पास स्थित, यह गुफा अपने प्राकृतिक सौंदर्य के लिए प्रसिद्ध है।

  • तीरथगढ़ जलप्रपात: नजदीकी आकर्षण स्थल।
  • कांगेर घाटी राष्ट्रीय उद्यान।

कैसे पहुँचें

  • सड़क मार्ग: जगदलपुर से लगभग 40 किमी दूर।
  • रेल मार्ग: निकटतम रेलवे स्टेशन जगदलपुर है।
  • वायु मार्ग: रायपुर हवाई अड्डे से जगदलपुर के लिए हवाई सेवा उपलब्ध है।

ठहरने की सुविधा


जगदलपुर और आसपास के क्षेत्र में कई होटल और रिसॉर्ट्स में ठहरने की सुविधा है।

स्थानीय संस्कृति और व्यंजन


बस्तर की जनजातीय संस्कृति और हस्तशिल्प यहाँ की यात्रा को यादगार बनाते हैं।

पर्यटन के लिए उपयुक्त समय


नवंबर से जून का समय यात्रा के लिए उपयुक्त है।

पर्यटकों के लिए सुझाव

  • गुफा के अंदर टॉर्च और गाइड की सहायता जरूर लें।
  • अंदर फोटोग्राफी सीमित है, इसलिए नियमों का पालन करें।