पशुओं में फैल रही ‘FMD’ महामारी, दुग्ध उत्पादक संघ ने बाहरी पशुओं के परिवहन पर प्रतिबंध की मांग की

बिलासपुर। बिलासपुर के गोकुल नगर और आसपास के क्षेत्रों में पशुओं में फैल रही फुट एंड माउथ डिसीज (FMD) यानी खुरपका-मुंहपका बीमारी ने डेयरी संचालकों की चिंता बढ़ा दी है। जिला दुग्ध उत्पादक संघ ने इस संक्रमण को रोकने के लिए कलेक्टर को पत्र सौंपकर अन्य राज्यों से होने वाले पशु परिवहन पर तत्काल प्रतिबंध लगाने की मांग की है।

महामारी की चपेट में डेयरी उद्योग जिला दुग्ध उत्पादक संघ के अध्यक्ष मुकेश मिश्रा ने बताया कि शासन की महत्वाकांक्षी योजना के तहत ग्राम घुरू के गोकुल नगर में शहर की करीब 70 डेयरियां संचालित हैं, जहां 3000 से अधिक पशु हैं। पिछले एक महीने से कुछ व्यापारियों द्वारा अन्य राज्यों से संक्रमित पशु लाकर स्थानीय डेयरी संचालकों को बेचे गए हैं। इसके कारण गोकुल नगर सहित पूरे बिलासपुर में FMD संक्रमण तेजी से फैल रहा है, जिससे कई पशुओं की जान खतरे में है और डेयरी व्यवसाय पूरी तरह ठप होने की कगार पर है।

कलेक्टर से सख्त कदम उठाने की अपील दुग्ध उत्पादक संघ ने प्रशासन से आग्रह किया है कि बाहरी राज्यों और जिलों से बिलासपुर में पशुओं के प्रवेश पर तुरंत रोक लगाई जाए। साथ ही, शहर के भीतर पशुओं के क्रय-विक्रय और हाट बाजारों पर भी अस्थायी प्रतिबंध लगाया जाए ताकि संक्रमण की चेन को तोड़ा जा सके। संघ का कहना है कि यदि समय रहते पशुओं के आवागमन को नहीं रोका गया, तो यह बीमारी जिले के ग्रामीण इलाकों में भी फैल सकती है, जिससे भारी आर्थिक नुकसान होगा।

पशु चिकित्सा विभाग को भी दी गई सूचना इस मामले की गंभीरता को देखते हुए संघ ने संयुक्त संचालक पशु चिकित्सा सेवाएं को भी प्रतिलिपि भेजकर प्रभावित क्षेत्रों में क्वारंटाइन और टीकाकरण की प्रक्रिया तेज करने का अनुरोध किया है। पशुपालकों को डर है कि यदि संक्रमण पर लगाम नहीं लगी, तो शहर में दूध की आपूर्ति और पशुधन दोनों पर बड़ा संकट खड़ा हो जाएगा।

[pdf_embed url=”https://targetofchhattisgarh.com/wp-content/uploads/2026/01/47b2f519-25ee-4223-ba2f-ebe3e4a2b952.pdf”]

राष्ट्रीय कवि संगम मंच बिलासपुर इकाई का त्रैमासिक विमर्श सह काव्य गोष्ठी संपन्न

बिलासपुर । विगत दिनों आभासी पटल स्ट्रीम यार्ड एवं फेसबुक के माध्यम से राष्ट्रीय कवि संगम बिलासपुर इकाई द्वारा एक राष्ट्रीय स्तर का पर्यावरण विषयक विमर्श सह नव वर्ष काव्य गोष्ठी का आयोजन किया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि के रुप में राष्ट्रीय कवि संगम मंच के राष्ट्रीय महामंत्री महेश शर्मा ने राष्ट्रीय कवि संगम मंच की स्थापना का उद्देश्य मंचीय काव्य को संस्कारित करना व राष्ट्र नव निर्माण व जन जागरण की दिशा में युवा पीढ़ी को प्रोत्साहित करना बताया।आपने जीवन कला पर अपनी सुंदर कविता भी प्रस्तुत किया। विशिष्ट अतिथि डाॅ राघवेन्द्र दुबे राष्ट्रीय कवि संगम इकाई बिलासपुर की साहित्यिक व जन जागरण गतिविधियों पर प्रकाश डालते हुए प्रसन्नता व्यक्त किए।इस अवसर पर अध्यक्षी संबोधन में इकाई के संरक्षक डाॅ विनय कुमार पाठक, कुलपति-थावे विद्या पीठ व पूर्व अध्यक्ष छत्तीसगढ़ राजभाषा आयोग ने पर्यावरण को जीवन शब्द पर आधारित बताया कि जी एवं वन एक दुसरे के अन्योनाश्रित हैं अर्थात प्राणियों के लिए वन नितांत आवश्यक है तथा वन की पहचान जैव विविधता से होती है जो पर्यावरण व पारिस्थितिकी तंत्र के महत्वपूर्ण घटक हैं। वैश्विक तापायन,ध्रुवीय बर्फ का पिघलना व ओजोन परत का विघटन का कारण वनों की अंधाधुंध कटाई व कार्बन डाइऑक्साइड उत्सर्जन है। उन्होंने साहित्य में पर्यावरण विमर्श की आवश्यकता पर बल देते हुए साहित्य के माध्यम से जन जागरण अभियान की आवश्यकता बताई।

कार्यक्रम का आरंभ राष्ट्रीय कवि संगम मंच बिलासपुर इकाई के अध्यक्ष अंजनी कुमार तिवारी ‘सुधाकर’ के सरस्वती वंदना व स्वागत संबोधन से हुआ तथा समापन इकाई की उपाध्यक्षा पूर्णिमा तिवारी के आभार प्रदर्शन से हुआ। कार्यक्रम का सफल संचालन राष्ट्रीय कवि संगम कर्नाटक इकाई-, बेंगलुरु के वरिष्ठ साहित्यकार कुंवर प्रबल प्रताप सिंह’प्रबल’ द्वारा किया गया।

इस अवसर पर आंग्ल नव वर्ष के उपलक्ष्य में सरस काव्य पाठ हुआ जिसमें भाग लेने वाले कवि/कवियत्री थे: डा राघवेन्द्र दुबे, बालमुकुंद श्रीवास,दीपक दुबे ‘सागर,’ राजेश कुमार सोनार, अनामिका शर्मा ‘शशि’, डा अशोक आकाश, मनीषा भट्ट,ओम प्रकाश भट्ट,जलेश्वरी वस्त्रकार- जयरामनगर,भूपेन्द्र श्रीवास्तव, वी. के. पंकज -सरकंडा,हेमन्त गौर बिलासपुर,संगीता तिवारी ,

बिलासपुर,निवेदिता वर्मा ‘मेघा’ भाटापारा, रामरतन श्रीवास,कुंवर प्रबल प्रताप सिंह राणा’प्रबल’, अंजनीकुमार तिवारी’सुधाकर’, पूर्णिमा तिवारी। कार्यक्रम का श्रवण आनन्द फेस बुक के माध्यम से राष्ट्रीय स्तर पर बड़ी संख्या में जुड़े साहित्य व पर्यावरण प्रेमियों ने उठाया।

दिवगंत शिवसैनिक लिल्लू का श्रद्धांजलि शोकसभा रखी गई

लिल्लू सिंह ठाकुर की शोकसभा

बिलासपुर । शिवसेना प्रदेश प्रमुख धनंजय सिंह परिहार के शिवसैनिकों द्वारा प्रदेश महासचिव सुनील कुमार झा के मार्गदर्शन में एवं संभाग उपाध्यक्ष दशरथ साहू के नेतृत्व में दिवगंत कर्मठ शिवसैनिक भैया लिल्लू सिंह ठाकुर जी का श्रद्धांजलि शोकसभा संभाग कार्यालय बिलासपुर में रखी गई थी प्रेस को जानकारी देते हुए जिला मीडिया प्रभारी रोमेश शर्मा ने बताया कि विगत 40 वर्षों से दिवंगत भैया लिल्लू सिंह पार्टी में कार्यरत थे वे प्रदेश प्रचार सचिव के पद पर नियुक्त थे पार्टी के हर दायित्वो को हमेशा निर्वहन करते थे हमेशा कार्यकर्ताओं के लिए सुख दुख में आगे रहते थे विगत कुछ वर्षों से भैया के स्वास्थ्य खराब होने के कारण पार्टी में आना जाना नहीं कर रहे थे वे सहज सरल स्वभाव के धनी थे जिसके कारण वे आज भी सभी के दिलो में रहते थे जिनका निधन विगत 15.01.2026 को शाम को हुआ जिनका अन्तिम संस्कार उनके गृह ग्राम गतौरी मुक्तिधाम मे दिनांक 16.01.2026 संपन्न हुआ उनके अंत्येष्टि में सभी शिवसैनिक उपस्थित थे प्रदेश महासचिव सुनील कुमार झा के द्वारा बताया गया कि भैया लिल्लू सिंह की कमी को कोई पूरा नहीं कर सकता वे पार्टी के प्रति एक ईमानदार कर्मठ नेता थे जिनका संभाग कार्यालय में दिवंगत भैया लिल्लू सिंह जी को नम आंखों से विदाई दी गई एवं दो मिनिट का मौन रखते हुए श्रद्धांजलि दी गई इस शोक सभा में उपस्थित प्रदेश महासचिव सुनील कुमार झा संभाग उपाध्यक्ष दशरथ साहू महानगर अध्यक्ष मणिशंकर शर्मा प्रदेश महासचिव महिला सेना संगीता सोनी विनय मिश्रा निमेष शर्मा द्वारिका वस्त्रकार दुर्गेश सिंह ठाकुर आशीष यादव लव सिंह सूरज साहू भावी शिवसैनिक प्रियांशी सोनी एवं जिला मीडिया प्रभारी रोमेश शर्मा उपस्थित थे ।

भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण के पदाधिकारियों ने धनपुर का किया निरीक्षण

एसआईआर कार्य में भारी अव्यवस्था, बीएलओ की लापरवाही से जनता हो रही परेशान

बिलासपुर । एसआईआर (विशेष गहन पुनरीक्षण) कार्य में भारी अव्यवस्था देखने को मिल रही है। बीएलओ द्वारा जानकारी के अभाव में या लापरवाहीपूर्वक कार्य किए जाने के कारण आम जनता को गंभीर परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। बीते कुछ दिनों से एसआईआर फॉर्म जनता से भरवाए जा रहे हैं, जिसमें बीएलओ द्वारा बताए गए निर्देशों के अनुसार सभी आवश्यक दस्तावेज संलग्न कर नियमपूर्वक फॉर्म भरे गए हैं।
इसके बावजूद बीएलओ/निर्वाचन अधिकारी द्वारा आम नागरिकों को नोटिस जारी किए जा रहे हैं। जबकि गलती जनता की नहीं होने के बावजूद उन्हें केंद्रों के चक्कर काटने पड़ रहे हैं। इतना ही नहीं, केंद्रों में पदस्थ अधिकारियों द्वारा कई मामलों में लोगों के साथ बदतमीजी किए जाने के आरोप भी सामने आ रहे हैं।
बेलतरा विधानसभा क्षेत्र के ग्राम बिरकोना में ऐसा ही एक मामला सामने आया, जहां एक व्यक्ति के पूरे परिवार को नोटिस जारी कर दिया गया। संबंधित व्यक्ति के पास परिवहन का साधन नहीं था और वह स्वयं पूरे परिवार का फॉर्म भरने केंद्र पहुंचा था, लेकिन अधिकारियों द्वारा उसे अपमानित किया गया और यह कहा गया कि आप सब का फार्म नहीं भर सकते अपने परिजनों को लेकर आओ, तभी फार्म लेंगें ।
एक अन्य गंभीर समस्या 2003 के एसआईआर सर्वे से जुड़ी है। कई ऐसे मतदाता हैं जो वर्ष 2003 में वर्तमान विधानसभा क्षेत्र में निवास ही नहीं करते थे। या बेलतरा विधानसभा बना ही नहीं था । कोई तखतपुर विधानसभा का था तो कोई मस्तूरी क्षेत्र का था और कोई किसी और क्षेत्र से पर इसके बावजूद केंद्रों पर बैठे अधिकारी उनसे 2003 की एसआईआर सूची में माता-पिता या परिजनों का नाम उसी स्थान का लाना पड़ेगा करके दबाव बना रहे हैं, स्वयं का 2003 में एसआईआर हो चुका है। तो रिश्तेदार का जानकारी मांगना किस लिए। जिससे लोगों को अनावश्यक रूप से परेशान होना पड़ है।
नोटिस वितरण को लेकर भी गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। कई मामलों में सिर्फ एक दिन पहले नोटिस दिया जा रहा है। जबकि वोटर आईडी में पूरा और सही पता दर्ज होने के बावजूद बीएलओ मतदाताओं के घर नहीं पहुंच रहे हैं। अंतिम दिन जाकर घर खोजने की औपचारिकता निभाई जा रही है। अंतिम दिन फोन पर संपर्क कर कर बार-बार फोन करने का दावा कर रहे है।
स्थिति इतनी खराब है कि आधे से अधिक गांवों में मतदाताओं को नोटिस थमा दिए गए हैं। यह सवाल उठना लाज़मी है कि क्या आधे से ज्यादा गांव की जनता ने एसआईआर फॉर्म में गलती की है, या फिर यह बीएलओ की लापरवाही का परिणाम है। बड़ा क्षेत्र होने से केंद्र में भीड़ के साथ-साथ घंटों लाइन में लगना पड़ रहा है। जिससे जनता का कहना है कि उन्होंने सही और पूर्ण जानकारी दी है, फिर भी उसकी सजा उन्हें भुगतनी पड़ रही है।
जब इस विषय में अधिकारियों से सवाल किया जाता है तो उनका जवाब और भी चौंकाने वाला है। अधिकारी कहते हैं कि वे शिक्षक हैं, पीडब्ल्यूडी या अन्य विभागों से हैं और यह उनका मूल कार्य नहीं है, उन्हें जबरन इस काम में लगाया गया है।
अब आम जनता यह सवाल कर रही है कि अगर अधिकारी और कर्मचारी स्वयं इस कार्य को अपना नहीं मानते, तो फिर जनता को क्यों परेशान किया जा रहा है? एसआईआर जैसे महत्वपूर्ण कार्य में इस तरह की अव्यवस्था लोकतंत्र की प्रक्रिया पर गंभीर सवाल खड़े करती है।

पत्रकार कॉलोनी में शिव महापुराण कथा : शिव नाम का स्मरण ही मोक्ष मार्ग

बिलासपुर। पत्रकार कॉलोनी में शिव महापुराण कथा के अंतिम दिन कथावाचिका ईश्वरी देवी ने ज्योतिर्लिंग की महिमा बताते हुए कहा कि भगवान शिव ही मनुष्य को सांसारिक बन्धनों से मुक्त कर सकते हैं, शिव की भक्ति से सुख व समृद्धि प्राप्त की जा सकती है। शिव पुराण का श्रवण व शिव नाम स्मरण से पापों का नाश व मोक्ष मिलता है।

कथावाचिका ईश्वरी देवी ने आगे कहा कि शिव महापुराण पूरे ज्ञान का निचोड़ है। जिसमें शिव के विविध रूपों की कथा के माध्यम से शिव भक्ति, मोक्ष और आध्यात्मिक मार्ग का सार समझाया है। जिससे भक्तों को परम शांति और कल्याण की प्राप्ति हो सके।

ईश्वरी देवी ने कहा कि भगवान शिव पापों का नाश करने वाले देव हैं तथा बड़े सरल स्वभाव के हैं। इस लिए भगवान शिव को भोले भंडारी कहते हैं।  अपने नाम के अनुसार ही शीघ्र ही प्रसन्ना होकर भक्तों को मनवाँछित फल देने वाले हैं। उन्होंने कहा कि धार्मिक आयोजनों में भावनाएं होनी जरूरी है। ज्ञान, धर्म, भक्ति, सत्संग के साथ शिव-स्मरण करते हुए शिव तत्व को आत्मसात करने पर जोर दिया।

पूर्णाहुति, परायण पूजन व भंडारे के साथ समापन आज

पत्रकार कॉलोनी में आयोजित शिव महापुराण कथा आयोजन के नौंवे दिन शुक्रवार 9 जनवरी को सुबह 8 बजे से गीता दान, पूर्णाहुति और परायण पूजन होगा। तत्पश्चात दोपहर 12 बजे से 4 बजे तक भक्ति जनों के लिए भोग भंडारा का आयोजन किया गया है।

एस ई सी एल में ठेका श्रमिकों का शोषण जारी

भारतीय मजदूर संघ करेगा चरणबद्ध आंदोलन

बिलासपुर । एस ई सी एल मुख्यालय बिलासपुर में अधिकांश कार्य ठेका श्रमिकों पर निर्भर है। यहां पर आवश्यक सेवा के अंतर्गत आने वाले कार्यों में लंबे समय से ठेका श्रमिक कार्यरत हैं लेकिन इन श्रमिकों का ठेकेदार और संबंधित अधिकारियों की मिलीभगत से लगातार योजना पूर्वक शोषण किया जा रहा है।इनको समय पर वेतन, न्यूनतम वेतन, सामाजिक सुरक्षा, बोनस, छुट्टी आदि अधिकारों के नाम पर झुनझुना थमाया जाता है। वेतन पर्ची भी नहीं दिया जाता है। भारतीय कोयला खदान मजदूर संगठन बिलासपुर (भा. म.सं) द्वारा इस संबंध में दीपावली पूर्व बोनस और अन्य सुविधाएं देने के लिए एक दिवसीय धरना प्रदर्शन के माध्यम से 23 सूत्रीय मांग पत्र प्रबंधन को दिया गया था मगर श्रमिकों को पूर्ण बोनस अभी भी अप्राप्त है।आज संगठन कार्यालय में सिविल, मेनटेनेंस, वाहन चालक, सफाई कर्मचारियों के साथ मीटिंग में उपरोक्त मांगों को लेकर चरणबद्ध आंदोलन का निर्णय लिया गया है।

सिंधु जनजागरण समिति द्वारा वृक्षारोपण किया गया

बिलासपुर । वरिष्ठ पत्रकार एवं समाजसेवी स्व. आसन दास हिंदूजा एवं स्व डॉ के. डी. लालचंदानी व  कमला देवी लालचंदानी की स्मृति में सिंधु जनजागरण समिति द्वारा द्वारा भक्त कंवर राम नगर सिंधी कॉलोनी बिलासपुर में वृक्षारोपण 27,12,2025, शनिवार को प्रातः 10 बजे विक्की साइकल स्टोर के बगल में पूज्य सिंधी पंचायत भवन के नजदीक वृक्षारोपण किया जाएगा ,पूज्य पंचायत के पूर्व अध्यक्ष राम लालचंदानी एवं सिंधु जनजागरण समिति के अध्यक्ष हरिकिशन गंगवानी , संतोष क्षत्रिय कालू व मनीष गुरवानी ने समाज के सभी लोगों को उपस्थित होने की अपील की है ।

Grand Hindu Conference : शिवमंदिर, शुभमविहार में विशाल हिंदू सम्मेलन गुरुवार को

Grand Hindu Conference : शुभमविहार व आसपास के विविध कॉलोनियों व अपार्टमेंट्स के पदाधिकारियों ने मिलकर संयुक्त रूप से विशाल हिंदू सम्मेलन का आयोजन गुरुवार 25 दिसम्बर 2025 को दोपहर 2 बजे से शिवमंदिर प्रांगण, शुभमविहार में करने का निश्चय किया है। उक्त सम्मेलन में गहन मंथन कर हिंदुओं के मध्य व्याप्त जातिगत भेदभाव को दूर करने के उपायों पर चर्चा कर निर्णय लिए जाएंगे। अतः समस्त जागरूक हिंदुओं से आग्रह है कि इस महत्वपूर्ण हिंदू सम्मेलन में उपस्थित रहकर अपने सकारात्मक सुझावों से सार्थक निर्णय लेने में सहयोग करें।

Pulse Polio Campaign : सरस्वती शिशु मंदिर दर्री में राष्ट्रीय पल्स पोलियो अभियान को लेकर निकली जागरूकता रैली

Pulse Polio Campaign

Pulse Polio Campaign : 21 दिसंबर से शुरू होने वाले अभियान में 5 वर्ष से कम आयु के बच्चों को पिलाई जाएगी ‘दो बूंद जि़ंदगी की’

कोरबा । दर्री स्थित सरस्वती शिशु मंदिर में राष्ट्रीय पल्स पोलियो अभियान (एनआईडी) 2025 के सफल क्रियान्वयन को लेकर एक व्यापक जागरूकता रैली का आयोजन किया गया। यह अभियान 21 दिसंबर 2025 से प्रारंभ हो रहा है, जिसके अंतर्गत 5 वर्ष से कम आयु के सभी बच्चों को पोलियो की ‘दो बूंद जि़ंदगी की’ पिलाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।

 

Pulse Polio Campaign
                राष्ट्रीय पल्स पोलियो अभियान 

विद्यालय में आयोजित इस जागरूकता रैली की अध्यक्षता प्राचार्य सुषमा बारस्कर ने की। रैली में सभी आचार्यगण के साथ कक्षा षष्ठम से दशम तक के भैया-बहनों ने सक्रिय सहभागिता निभाई। रैली विद्यालय परिसर एवं आसपास के क्षेत्रों से होकर निकाली गई, जिसमें विद्यार्थियों ने  ‘हर बच्चा, हर टीका, हर जगह ‘, ‘पोलियो को हराना है, देश को स्वस्थ बनाना है’ जैसे प्रभावी नारों के माध्यम से आमजन को जागरूक किया।
इस अवसर पर प्राचार्य श्रीमती सुषमा बारस्कर ने कहा कि पल्स पोलियो अभियान भारत सरकार की एक महत्वपूर्ण स्वास्थ्य पहल है, जिसका उद्देश्य पोलियो वायरस के सामुदायिक प्रसार को रोकना और देश को पूर्णत: पोलियो मुक्त बनाए रखना है। उन्होंने अभिभावकों से अपील की कि वे अपने 5 वर्ष से कम आयु के सभी बच्चों को अनिवार्य रूप से पोलियो की खुराक दिलाएं, चाहे बच्चा पहले से ही स्वस्थ क्यों न हो।

सरस्वती शिशु मंदिर दर्री में राष्ट्रीय पल्स पोलियो अभियान को लेकर निकली जागरूकता रैली
उल्लेखनीय है कि राष्ट्रीय पल्स पोलियो अभियान के अंतर्गत 21 दिसंबर 2025 को पोलियो बूथों, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों तथा घर-घर जाकर बच्चों को पोलियो की खुराक पिलाई जाएगी। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि कोई भी बच्चा पोलियो की खुराक से वंचित न रहे और हर बच्चे का भविष्य सुरक्षित किया जा सके। विद्यालय परिवार द्वारा निकाली गई इस जागरूकता रैली ने समाज में स्वास्थ्य के प्रति चेतना बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई तथा पल्स पोलियो अभियान को सफल बनाने का संदेश जन-जन तक पहुँचाया।

Vidya Bharti : सेमरताल में सप्तशक्ति मातृ संगम का आयोजन किया गया

बिलासपुर ।  सेमरताल मैं अखिल भारतीय शिक्षा संस्थान द्वारा आयोजित विद्या भारती (Vidya Bharti) मध्य क्षेत्र के योजनानुसार सरस् जीवती शिक्षा संस्थान के संयोजकत्व में सप्तशक्ति मातृ संगम का कार्यक्रम आयोजित किया गया,जिसमें मुख्य अतिथि मीना कमल पाटले (प़धान पाठक ) जूनापारा ) पाली,
विशिष्ट अतिथि  सुनीता पांडेय संयोजक आंगनवाड़ी कार्यकर्ता संघ बिलासपुर,विशिष्ट अतिथि  रोशनी सिंह ठाकुर सामाजिक कार्यकर्ता सेमरताल, मुख्य प्रवक्ता  रचना मिश्रा वरिष्ठ आचार्या सशिम कोनी, मुख्य प्रवक्ता  रोमा साहू वरिष्ठ आचार्या सशिम कोनी, कार्यक्रम का शुभारंभ हमारे सेमरताल विद्यालय की पूर्व की आचार्य माया दुबे, श्रीमती कान्ति यादव के द्वारा मां सरस्वती,प़णवाक्षर ऊं,और भारत माता के पावन प्रतिमा की भावपूर्ण पूजा अर्चना करके आरंभ किया गया सरस्वती वंदना पारंपरिक वाद्य यंत्र के साथ भैया बहनों के द्वारा स्वागत गीत प्रस्तुति दी गई।

मुख्य अतिथि पाटले  ने अपने उद्बोधन में नारी शक्ति को सम्बोधित करते हुए मां दुर्गा जी के रूपों के बारे में बताते हुए कहा कि नारी जन्मदात्री भी है और संघारकर्ता भी है। परिवार को माला की तरह एकसाथ संजोकर रखने वाली मजबूत नींव होती है परिवार को मजबूत करके नन्हे नन्हे फूलों को सदाचार संस्कारवान बनाएं रखने में मातृशक्ति का योगदान अधिक रहता है। मोबाईल की युग में दादा-दादी, नाना-नानी जी का साथ न होना उनसे वार्तालाप संवाद न होना अत्यंत ही पीड़ादायक है आजकल उनसे दुरी होने से बच्चों के तन मन को तथा बुद्धि को कमजोर कर देता है इससे हमें सावधानी बरतनी चाहिए पौराणिक कथा कहानियों से मिलने वाले ऊर्जा और ज्ञान को संजोकर रखना ही हमारे हित में है

मुख्य वक्ता रोमा साहू ने अपने उद्बोधन में नारि शक्ति को सम्बोधित करते हुए कहा कि सभी शिक्षा को अपने आप को स्वावलंबी व स्वाभिमानी बनाने के लिए अपने आपको कौशल विकास की शिक्षा लेकर नयी-नयी तकनीकी क्षेत्र में आज अनेकानेक प्रशिक्षण दिया जा रहा है जिसमें अपने सामर्थ क्षमता का प्रदर्शन कर अपने लक्ष्य की पूर्ति करने में तत्पर रहे

विशिष्ट अतिथि सुनीता पांडेय ने सभी माताओं बहनों को अपने उद्बोधन में आध्यात्मिकता की ओर ले जाते हुए कहा कि हमारे जीवन में मंत्र का बहुत महत्व है सुबह उठते समय अपने हाथों को प्रणाम करें ,भगवान सूर्य नारायण को प्रणाम करें , धरती माता को प्रणाम करें और आशीर्वाद ले कि हमारा आज का दिन मंगलमय हो स्नान के बाद रामचरितमानस का अयोध्या कांड का प्रथम दोहा अवश्य पड़े जीवन से कलह _क्लेश दूर होगा इसका प्रमाण है उन्होंने कहा हम मात् शक्तियों हमारे आचरण पर निर्भर करता है कि घर को स्वर्ग बनाएं या नरक

मुख्य वक्ता  रचना मिश्रा जी ने अपने उद्बोधन में कहा सभी माताओं को उनके हाथों से दान देने हेतु आग़ह किया।और बच्चों के जन्म दिन पर या माता-पिता के वैवाहिक वर्षगांठ को हमेशा यादगार बनाने के लिए एक एक वृक्ष लगावे और सिंचाई की सुविधा भी सुनिश्चित करें , जब वन सुरक्षित होगा तभी जीवन सुरक्षित होगा, पर्यावरण संरक्षण पर जोर दिया।

विशिष्ट अतिथि रोशनी सिंह ने सभी माताओं बहनों को सम्बोधित करते हुए बच्चों के शारीरिक व बौद्धिक विकास को बढ़ाने के लिए उनके दिनचर्या में सुधार लाने पर जोर दिया

बच्चों के द्वारा सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए गए जिसमें वीरांगना में महारानी लक्ष्मीबाई, दुर्गावती,भारत माता,मीरा बाई की जीवंत झांकी ने सबको मनमोह लिया। पारंपरिक सुवा नृत्य बारामासी नृत्य प्रस्तुति के अतिरिक्त सभी मातृशक्ति से प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता आयोजित हुई जिसमें सही उत्तर देने वाली माताओं को पुरस्कृत किया गया। पूजा लासरे के द्वारा प़स्तावना प़स्तुति दी गई जिसमें कार्यक्रम का सार था जिसमें सभी माताओं का मनोबल बढ़ाने में भविष्य में कारगार साबित हो सकती है। इस बेहतरीन कार्यक्रम में अपने वाक् चातुर्य से सफलतापूर्वक मंच संचालन हमारे कोनी विद्यालय की वरिष्ठ आचार्य किरण तिवारी दीदी  ने किया इस कार्यक्रम के संयोजक सरस्वती शिशु मंदिर कोनी विद्यालय की प्राचार्य आदरणीय देवेश सोनी , प़धानाचार्य  संतोष पाण्डेय , सरस्वती शिशु मंदिर सेमरताल के प्रधानाचार्य  रविंद्र गहवई  ,इस कार्यक्रम के सहयोगी सभी दीदीजन, देवतुल्य आचार्य वृंद तथा साथ में स्थानीय विद्यालय से पालक आदरणीय सुरेन्द्र पाण्डेय जी, सरपंच  धनित्तर सूर्यवंशी , जनपद सदस्य  राजेन्द्र साहू जी (पूर्व सरपंच) जी, पत्रकार उमाशंकर साहू , ग्राम गतौरी के वरिष्ठ नागरिक, पत्रकार भाई मदन सिंह ठाकुर उपसरपंच अक्षय कुमार साहू  अनिल तिवारी  अनिरुद्ध वर्मा  एवं पिंटू धीवर , सभी उपस्थित ग्राम के मातृशक्ति भगिनी अभिभावक जनों का सराहनीय योगदान रहा।प्रधानाचार्य रविन्द्र नाथ गहवई ने गांव के सेमरताल विद्यालय व कोनी विद्यालय के प्रतिभावान दीदीओ को शाल श्रीफल देकर सम्मानित किया फिर सभी माताओं बहनों का आभार प्रकट किया तत्पश्चात सभी को संकल्प कराया गया अंत में कल्याण मंत्र के साथ कार्यक्रम सम्पन्न हुआ।